प्रदेश में गिद्धों की गणना की जा रही है।
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मध्यप्रदेश गिद्ध गणना शुरू हुई है। इसी के तहत दमोह के रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व के नौरादेही में 16 फरवरी से गिद्ध गणना की जा रही है। नौरादेही की छह रेंजों में यह गिद्ध गणना शुरू हुई है जो तीन दिनों तक चलेगी और उसके बाद ही पता चल सकेगा कि इस बार कितने गिद्धों की बढ़ोतरी हुई है।
बता दें कि 2021 में गणना के दौरान यहां इनकी संख्या 300 थी जो इस साल बढ़ने के आसार हैं। बता दें कि गिद्ध विलुप्त प्रजाति का जीव है, जिसके संरक्षण के लिए सरकार प्रयास कर रही है।
2021 में थे 300 गिद्ध
नौरादेही अभयारण्य के अंतर्गत छह रेंज आती हैं। वर्तमान में भले ही यह अभयारण्य वीरांगना रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व का हिस्सा है, लेकिन अभी क्षेत्र हैंडोवर नहीं होने के कारण नौरादेही की छह रेंजों को ही अभयारण्य में लिया गया है। इनमें पहले दिन शुक्रवार को गिद्ध गणना शुरू हुई। जिन रेंजों में ये गणना शुरू हुई है उनमें मुहली, झापन, सिंगपुर, सर्रा, डोंगरगांव और नौरादेही है। जबकि जो बाकी क्षेत्र हैं वह दमोह जिले के अधीन हैं।
नौरादेही में गिद्धों की सात प्रजातियां
पिछली गिद्ध गणना 2021 में हुई थी, उस समय नौरादेही में गिद्धों की संख्या 300 थी। लेकिन इस बार अनुमान यह लगाया जा रहा है कि गिद्धों की संख्या नौरादेही में बढ़ी है और इस गणना में संख्या में बढ़ोतरी होगी। बता दें कि नौरादेही में वर्तमान समय में सात प्रजाति के गिद्ध हैं जिनमें वह प्रजाति भी है जो लुप्त होने की कगार में थी। पहले दिन गणना में लगे वनकर्मियों के अनुसार इस वर्ष होने वाली गिद्ध गणना में अभयारण्य के अधीन आने वाली रेंज में गिद्धों की संख्या में बढ़ोतरी होगी।
रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व में गिद्धों की गणना शुरू हो गई।
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अप्रैल में शुरू होगा गिद्धों का वल्चर रेस्टोरेंट
गिद्ध पर्यावरण को सुरक्षित रखने में अपनी अहम भूमिका निभाने वाला पक्षी है, लेकिन अब यह प्रजाति लुप्त होने की कगार में पहुंच गई है, लेकिन धीरे-धीरे इसमें बढ़ोतरी हो रही है। 2021 में हुई गणना में नौरादेही प्रदेश में तीसरे स्थान पर था इसको प्रथम स्थान पर लाने के लिए अब नौरादेही में एक वल्चर रेस्टोरेंट भी शुरू किया जा रहा है। वीरांगना रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व में गिद्धों के संरक्षण के लिए यह कार्य अप्रैल से शुरू होगा। जिन स्थानों पर यह मांस गिद्धों को परोसा जाएगा उन स्थानों को भी सुरक्षित किया जा रहा है। टाइगर रिजर्व में पदस्थ अधिकारियों का मानना है कि यह प्रयास सफल होता है तो रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व में भविष्य में गिद्धों की संख्या में काफ़ी बढ़ोतरी होगी।
तीन दिन चलेगी गणना
गिद्ध गणना शुक्रवार से पूरे प्रदेश में शुरू हो गई है। नौरादेही में भी यह गणना तीन दिन तक चलेगी। नौरादेही डीएफओ अब्दुल अंसारी ने बताया कि शुक्रवार से प्रदेश व्यापी गिद्ध गणना शुरू हुई है। नौरादेही की छह रेंजों में गिद्ध गाना शुरू हो गई है। 2021 में इससे पहले गणना हुई थी। उस समय गिद्धों की संख्या 300 पाई गई थी तीन दिवसीय गणना होने के बाद ही टोटल आंकड़े बता पाएंगे।
अनूपपुर जिले में पहले दिन के गिद्ध गणना में मिले 155 गिद्ध
अनूपपुर जिले में वन विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों द्वारा वन्य प्राणी गिद्ध की गणना की जा रही है। जहां अनूपपुर में पहले दिन की गणना में जिले में पर्याप्त मात्रा में गिद्ध पाए गए। अनूपपुर वनमंडल में अहिरगवां एवं अनूपपुर वन परिक्षेत्र में गणना के दौरान 155 गिद्ध पाए गए हैं। इसके साथ ही 39 गिद्धों के रहवास स्थल, घोसला चट्टानों एवं पेड़ पाए गए।
अनूपपुर वन मंडल को पहले दिन वन परिक्षेत्र अहिरगवां के पूर्व एवं पश्चिम कठौतिया, जुगवारी बीट में 121 वयस्क एवं अवयस्क गिद्धों के साथ 36 गिद्धों के घोसले मिले, जबकि वन परिक्षेत्र अनूपपुर के बड़हर बीच में 34 गिद्धों के साथ चार गिद्धों के घोसले पाए गए। इस दौरान वन परिक्षेत्र अधिकारी अहिरगवां अजेंद्र सिंह के साथ वनविभाग का मैदानी अमला सम्मिलित रहा।