दमोह के तेंदूखेड़ा ब्लॉक में किसान फसल बुआई के लिए बीज न मिलने से परेशान हैं। कृषि विभाग का बीज वितरण कार्यक्रम जरूरत पूरी करने में असफल रहा। एमपी किसान एप पंजीकरण के अभाव में कई किसान खाली हाथ लौट रहे हैं।
दमोह जिले के तेंदूखेड़ा ब्लॉक में किसान फसल बुआई के लिए बीज की कमी से जूझ रहे हैं। कृषि विभाग द्वारा आयोजित बीज वितरण कार्यक्रम में जरूरत के अनुसार बीज उपलब्ध नहीं हो सका, जिससे किसान खाली हाथ लौटने को मजबूर हुए।
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ग्रामीण विस्तार अधिकारियों के पास बीज खत्म होने के कारण किसानों को निराशा हाथ लगी। मगदुपुरा निवासी किसान श्रीराम साहू ने बताया कि वह चने का बीज लेने गए थे, लेकिन बीज समाप्त हो चुका था। खमतरा निवासी गोपाल और चौराई के मगन घोसी ने भी चने के बीज के लिए कई बार भटकने की बात कही। सरसों के बीज के लिए रूपलाल अहिरवार भी तीन बार आए लेकिन उन्हें बीज नहीं मिला।
किसान नहीं ले पा रहे योजनाओं का लाभ
किसानों का कहना है कि कृषि कार्यालय में बीज आवंटन और उपलब्धता की कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी जाती। ग्रामीण विस्तार अधिकारी केवल अपने सेक्टर तक सीमित रहते हैं, जिससे बहुत कम किसानों को योजनाओं का लाभ मिल पाता है।
कृषि उपसंचालक जितेंद्र परिहार ने कहा कि एमपी किसान एप पर पंजीकृत किसानों को ही कृषि विभाग से बीज मिलता है। अन्य किसान बीज निगम या बीज सोसाइटी से बीज खरीद सकते हैं। उन्होंने अधिकारियों से किसानों को पर्याप्त जानकारी देने की अपील की है। इस स्थिति ने किसानों की समस्याओं को बढ़ा दिया है, जो पहले से ही कृषि कार्य में कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं।