कलेक्टर से मिलने पहुंचे मुस्लिम बच्चे
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दमोह शहर के हिजाब और धर्मांतरण मामले से चर्चाओं में आए गंगा जमना स्कूल के निलंबन को बहाल करने की मांग को लेकर मंगलवार को स्कूल में पढ़ने वाले मुस्लिम छात्र कलेक्टर को ज्ञापन देने पहुंचे। इन छात्रों का कहना है कि उनके स्कूल में कोई भी अनियमितताएं नहीं होती हैं। वहां केवल पढ़ाई होती है।
एक छात्रा ने कहा, गंगा जमुना स्कूल में पढ़कर बच्चे मुस्लिम हो जाएंगे ऐसा कैसे हो सकता है। क्या उन्हें अपने बच्चों पर यकीन नहीं है। यह सिर्फ राजनीति हो रही है। हर कोई दिल से जानता है कि यह गलत हो रहा है, लेकिन किसी में दम नहीं कि वह सच बोल दे। छात्रों ने कहा, अगर आयत पड़ा दी तो क्या हो गया। हमने भी गीता के श्लोक पढ़े हैं। एक और छात्रा ने कहा कि हमें अपना स्कूल वापस चाहिए है।
सदफ नाम की छात्रा ने कहा कि हम मिडिल क्लास फैमिली से आते हैं। बड़े स्कूलों की फीस नहीं भर सकते। यह स्कूल हमें पढ़ा रहा है। स्कूल में किसी के साथ गलत नहीं हुआ है। कुछ बच्चों के आरोप पर पूरा स्कूल गलत नहीं हो सकता। हमें अपना स्कूल वापस चाहिए। स्कूल शुरू हो चुके हैं और हमारा स्कूल बंद है, हमारा पूरा साल खराब हो जाएगा, इसकी जवाबदारी कौन लेगा। इसके बाद छात्रों ने स्कूल शुरू कराने के लिए कलेक्ट्रेट परिसर में नारेबाजी की। कलेक्ट्रेट में उनका ज्ञापन लिया गया है और अब इस मामले में नियमानुसार प्रशासनिक कार्यवाही का आश्वासन इन छात्रों को दिया गया है।