छतरपुर के खजुराहो एयरपोर्ट पर पिछले 20 साल से 45 लाख रुपए का संपत्ति कर बकाया होने पर नगर परिषद ने कुर्की की तैयारी शुरू कर दी है। सीएमओ बसंत चतुर्वेदी ने एयरपोर्ट प्रबंधन को नोटिस जारी कर एक सप्ताह में टैक्स जमा करने या संपत्ति कुर्की की चेतावनी दी है।
मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के खजुराहो नगर परिषद ने एक अनोखी कार्रवाई की तैयारी शुरू की है। देश में यह पहला मौका होगा जब किसी नगर परिषद द्वारा किसी एयरपोर्ट की कुर्की की जाएगी। दरअसल, खजुराहो एयरपोर्ट पर पिछले 20 साल से करीब 45 लाख रुपए का संपत्ति कर बकाया है, जिसे एयरपोर्ट प्रबंधन ने अब तक नहीं चुकाया है।
विज्ञापन
नगर परिषद के सीएमओ बसंत चतुर्वेदी ने एयरपोर्ट प्रबंधन को नोटिस जारी कर चेतावनी दी है कि यदि निर्धारित समय सीमा में टैक्स जमा नहीं किया गया तो एयरपोर्ट की संपत्ति कुर्क कर वसूली की जाएगी। इस कार्रवाई के लिए सीएमओ ने पुलिस विभाग और जिला प्रशासन से अतिरिक्त बल की मांग भी की है।
'नोटिस की समय सीमा समाप्त हो चुकी है'
सीएमओ बसंत चतुर्वेदी ने बताया कि नगर पालिका अधिनियम 1961 की धारा 164(3) के तहत कुर्की की कार्रवाई प्रस्तावित की गई है। 6 अक्टूबर को जारी कुर्की नोटिस की अवधि समाप्त हो चुकी है, लेकिन एयरपोर्ट प्रबंधन ने टैक्स का भुगतान नहीं किया है। इसलिए एसडीएम और थाना प्रभारी को पत्र भेजकर कुर्की के लिए बल मांगा गया है। वहीं, राजनगर एसडीएम प्रशांत अग्रवाल ने पुष्टि की है कि नोटिस की समय सीमा समाप्त हो चुकी है। अब एक सप्ताह के भीतर संयुक्त टीम एयरपोर्ट की संपत्ति कुर्क कर विक्रय (नीलामी) करेगी और उससे टैक्स की वसूली की जाएगी।
नगर परिषद को पत्र भेजा गया
इस बीच, एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया की ओर से नगर परिषद को पत्र भेजा गया है, जिसमें कहा गया है कि एयरपोर्ट भारत सरकार का उपक्रम है और कई वर्षों से घाटे में चल रहा है, इसलिए टैक्स में छूट दी जाए। गौरतलब है कि हाल ही में छह दिन पहले ही खजुराहो में विमान सेवाएं दोबारा शुरू हुई थीं, और अब यह टैक्स विवाद एक नया विवाद खड़ा कर रहा है।