मध्य प्रदेश में अपराध की रोकथाम और नियंत्रण के लिए शहरी और ग्रामीण भीड़भाड़ वाली जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। ये कैमरे निजी अस्पताल, शॉपिंग मॉल, सिनेमाघर, कोचिंग संस्थान के बाहर जनसहयोग से लगाए जाएंगे। इसके लिए गृह विभाग कानून बनाने पर काम कर रहा है। इसको लेकर गृह विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की कई दौर की बैठकें हो गई हैं। गृह विभाग के अधिकारियों के अनुसार भीड़भाड़ वाले सार्वजनिक इलाकों में अपराध को रोकने में अब सरकार जनता की मदद लेगी। ऐसे सार्वजनिक स्थल जैसे अस्पताल, शॉपिंग मॉल, कोचिंग, बैंक जहां हर दिन 100 से ज्यादा लोग आते है, उनको अपने सामने की सार्वजनिक जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाना अनिवार्य होगा। इसका एक माह का डाटा सुरक्षित रखने की व्यवस्था करना होगी। साथ ही किसी घटना पर पुलिस को जांच के लिए आवश्यक होने पर उसे अनिवार्य रूप से उपलब्ध भी करना होगा। इसका उल्लंघन करने पर जुर्माने का प्रावधान होगा। इस पहल से किसी घटना या दुर्घटना के पहले अपराध को रोकने के साथ ही अपराध होने पर अपराधियों को पकड़ने में मदद मिलेगी।
तेलगांना के अधिनियम का कराया अध्ययन
सरकार ने पुलिस मुख्यालय और विधि विभाग के अधिकारियों की मदद से तेलंगाना सरकार के कानून का अध्ययन भी कराया है। इसके आधार पर प्रदेश में कानून बनाया जा रहा है।
जनता की मदद से लगेंगे सीसीटीवी
गृह विभाग के प्रमुख सचिव संजय दुबे ने बताया कि भीड़भाड़ वाली जगह पर जनता की मदद से सीसीटीवी कैमरे लगाना अनिवार्य करने की तरफ काम किया जा रहा है। इनकी रिकॉर्डिंग भी एक महीने तक सुरक्षित रखना होगी।