''सिख समाज जनसेवा के प्रति समर्पण भाव रखने वाला समाज है। इस समाज के लोग अपने त्यौहारों जैसे बैसाखी, लौहड़ी, सिख गुरु साहेबान के गुरुपर्व बड़े ही धूमधाम से मनाते हैं और बड़ी उत्सुकता के साथ बिना भेद-भाव के बड़े-बडे़ लंगरों का आयोजन कर लोगों की सेवा पूर्ण निष्ठा और समर्पण भाव से करते हैं। कांग्रेस सरकार आने पर उनकी मांगों को दृष्टिगत रखते हुए सिख समाज के साथ न्याय किया जाएगा।''
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने शुक्रवार को अपने निवास पर आयोजित सिख समाज के वरिष्ठ समाजसेवियों, विभिन्न जिलों से आए गुरुद्वारा साहेब के अध्यक्षगण, कमेटी मेंबर्स व समाजबंधुओं की संयुक्त बैठक को संबोधित किया। कमलनाथ ने कहा कि चार महीने बाद विधानसभा के चुनाव होना है। भाजपा सरकार हर हथकंडे को अपनाकर आप लोगों को भ्रमित कर गुमराह करने का प्रयास करेगी। मैं आपको विश्वास दिलाता हूं कि कांग्रेस सरकार आने ने आप सभी की समस्याओं का ध्यान रखा जाएगा और आपकी जो भी मांगे हैं उसे कांग्रेस वचन में शामिल कर उसे पूरा किया जाएगा। आप सभी कांग्रेस पार्टी की सरकार बनाने में पूरी निष्ठा से जुट जाएं और किसी भ्रमजाल का शिकार न हों।
मप्र कांग्रेस कौमी एकता प्रकोष्ठ के अध्यक्ष सचप्रीत सिंह (सच सलूजा) ने बैठक की अध्यक्षता करते हुए सिख समाज की ओर से विभिन्न समस्याओं को पीसीसी चीफ के सामने रखा। बैठक में तीर्थ दर्शन में जोड़े गए सिख धार्मिक स्थलों की यात्रा पुनः प्रारंभ करने, प्रदेश के विभिन्न गुरुद्वारा साहेब को दी गई ग्रांट जो भाजपा सरकार ने रोक दी थी, उसे फिर से शुरू करने, खालसायी खेल गतका को स्कूल गेम्स में शामिल करने, सिख समुदाय के सिकलीगर बच्चों के लिए शिक्षा व स्किल डेवलपमेंट कोर्स शुरू करने, कांग्रेस संगठन में सिख समाज को हिस्सेदारी देने और आगामी चुनाव में सहभागिता व सत्ता में भागीदारी सुनिश्चित करने और विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई।
बैठक में इंदौर, जबलपुर, भोपाल, ग्वालियर, ओबेदुल्लागंज, धार, उज्जैन, खंडवा, बुरहानपुर सहित प्रदेश के विभिन्न जिलों के सिख समाज के प्रतिनिधियों और वरिष्ठजनों के साथ ही इंदौर, बुरहानपुर, भोपाल के गुरुद्वारा साहेब के अध्यक्ष व कमेटी मेंबर्स सहित बड़ी संख्या में सिख समाज के समाजबंधु उपस्थित थे।