मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल समेत प्रदेश भर में बच्चियों और महिलाओं के साथ दुष्कर्म के मामले सामने आ रहे हैं। इसे लेकर कांग्रेस पार्टी लगातार धरना प्रदर्शन करती नजर आ रही है। अब कांग्रेस ने बेटी बचाओ अभियान शुरू किया है जिसके अंतर्गत कांग्रेस नेता 25 घंटे के सत्याग्रह पर बैठेंगे। सत्याग्रह राजधानी भोपाल स्थित रोशनपुरा चौराहा पर होगा। 8 अक्टूबर को किया जाएगा। जानकारी के अनुसार इस सत्याग्रह में कांग्रेस के कई बड़े नेता शामिल होंगे।
सरकार को जगाने का काम कांग्रेस करेगी
कांग्रेस पार्टी की वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री पीसी शर्मा ने कहा है कि प्रदेश में बढ़ते अपराधों को लेकर सरकार को जगाने का काम कांग्रेस करेगी। गांधीवादी तरीके से सरकार का ध्यान आकर्षण कराएंगे और विरोध दर्ज कराएंगे। बीते एक माह में बच्चियों और युवतियों के साथ बलात्कार, हत्या जैसे जघन्य अपराध होने का रिकार्ड तोड़ा है। कांग्रेस नवरात्रि के पर्व पर सरकार को जगाने का काम करेगी। सत्याग्रह के दौरान कन्या पूजन भी होगा। कन्या पूजन के साथ सरकार को इनकी रक्षा की जिम्मेदारी कांग्रेस याद दिलाएगी। सत्याग्रह में पीसीसी चीफ जीतू पटवारी समेत कई वरिष्ठ नेता शामिल होंगे। कांग्रेस सरकार में महिला संरक्षण के लिए अंबर ऐप बनाया था। बच्चियों से लेकर महिला सुरक्षा को लेकर सरकार ने अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया है।
सरकार की नाक के नीचे चल रही ड्रग्स की फैक्ट्री दुर्भाग्य जनक: जीतू पटवारी
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने राजधानी में ड्रग्स की फैक्ट्री को दुर्भाग्य जनक और सरकार के लिए शर्मनाक बताया है। पटवारी ने कहा पूरा प्रदेश और युवा पीढ़ी नशे की चपेट में है आज मध्य प्रदेश की स्थिति पंजाब से भी ज्यादा बुरी है पानी लेने के लिए महिलाएं 10 किलोमीटर जा रही है और रात में 2:00 बजे एमडी जैसे ड्रग्स और शराब कोई मांगे तो उपलब्ध है यह कैसी सरकार है जहां नशे का वितरण इतना व्यवस्थित हो गया है और पानी का वितरण नहीं हो पाया सरकार हल्ला पीट रही है कि वह घर-घर पानी दे रही है बल्कि वास्तविकता यह है की अधिकांश जल योजनाएं अधूरी पड़ी हुई है एक-एक साल से ठेकेदारों को पेमेंट नहीं हुआ है यह कितना दुर्भाग्य जनक है की राजधानी के अंदर ड्रग्स ( एमडी)निर्माण की फैक्ट्री चल रही है और मध्य प्रदेश सरकार,पुलिस और इंटेलिजेंस डिपार्टमेंट सो रहा है | ड्रग्स बनाने का 5000 किलो कच्चा माल बरामद हुआ है यदि इस कच्चे माल से ड्रग बन जाती तो हजारों नौजवानों के भविष्य का क्या हाल होता |