मंत्री विजयवर्गीय ने इमरजेंसी, पीओके और कश्मीर के मुद्दे पर भी कांग्रेस को घेरा। उन्होंने कहा कि अगर, उस समय युद्धविराम नहीं होता और पंडित जवाहरलाल नेहरू संयुक्त राष्ट्र में नहीं जाते तो पीओके कभी नहीं बनता।
पाकिस्तान के साथ तनाव के बीच सीजफायर होने पर कांग्रेस द्वारा एक बार फिर पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को याद किए जाने पर मध्य प्रदेश सरकार में मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि जब कोई व्यक्ति दुनिया में नहीं होता, तब उसके अच्छे कार्यों की प्रशंसा जरूर करनी चाहिए। लेकिन, उससे जुड़े विवादित फैसलों को भी भुलाया नहीं जा सकता। विजयवर्गीय ने कहा कि व्यक्ति जब नहीं रहता तो उसके अच्छे कार्यों की प्रशंसा करनी चाहिए, पर उसके द्वारा लिए गए कई फैसले भी हमें याद आते हैं। धारा 370 क्यों और किसने लगाई थी, ये भी याद रखना चाहिए।
मंत्री विजयवर्गीय ने इमरजेंसी, पीओके और कश्मीर के मुद्दे पर भी कांग्रेस को घेरा। उन्होंने कहा कि अगर, उस समय युद्धविराम नहीं होता और पंडित जवाहरलाल नेहरू संयुक्त राष्ट्र (UN) में नहीं जाते तो पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) कभी नहीं बनता। इमरजेंसी क्यों लगी, ये भी देश को याद है। कैलाश विजयवर्गीय ने कांग्रेस को सलाह देते हुए कहा कि अगर, हम इतिहास की चर्चा करने बैठे तो बातें बहुत दूर तक जाएंगी। कांग्रेस को बड़ी समझदारी से काम करना चाहिए। बता दें पाकिस्तान के साथ सीज फायर को लेकर कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा है। साथ ही उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी याद आने की बात की है।