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MP: स्कूल शिक्षा के बाद अब ट्राइबल शिक्षकों की बारी; 65 हजार शिक्षकों को देनी होगी पात्रता परीक्षा, बढ़ी चिंता

Fri, 27 Mar 2026 02:19 AM IST
Anand Pawar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

मध्य प्रदेश में ट्राइबल विभाग के 65 हजार शिक्षकों के लिए अब शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) अनिवार्य कर दी गई है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद लागू इस फैसले से बड़ी संख्या में शिक्षकों के सामने नौकरी को लेकर चिंता बढ़ गई है।
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वल्लभ भवन, भोपाल - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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मध्य प्रदेश में स्कूल शिक्षा विभाग के बाद अब जनजातीय कार्य विभाग में पदस्थ शिक्षकों के लिए भी शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) अनिवार्य कर दी गई है। नए निर्देशों के अनुसार ट्राइबल विभाग के करीब 65 हजार शिक्षकों को यह परीक्षा देनी होगी, जिससे बड़ी संख्या में शिक्षकों के सामने नौकरी को लेकर असमंजस की स्थिति बन गई है। जानकारी के अनुसार विभाग में करीब 95 हजार शिक्षक कार्यरत हैं, जिनमें से करीब 65 हजार को पात्रता परीक्षा देनी होगी। 
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सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद लागू हुआ फैसला
जनजातीय कार्य विभाग के आयुक्त तरुण राठी द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह निर्णय सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन में लिया गया है। सिविल अपील क्रमांक 1385/2025, 1386/2025 समेत अन्य मामलों में दिए गए आदेशों के आधार पर यह व्यवस्था लागू की जा रही है। साथ ही शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 के प्रावधानों के तहत पात्रता परीक्षा को अनिवार्य बनाया गया है। 
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दो साल में पास करनी होगी परीक्षा
निर्देशों के अनुसार प्राथमिक और माध्यमिक स्तर के शिक्षकों को यह पात्रता परीक्षा दो वर्षों के भीतर अनिवार्य रूप से उत्तीर्ण करनी होगी। इसके लिए विभाग ने जुलाई-अगस्त 2026 में विशेष शिक्षक पात्रता परीक्षा आयोजित कराने की तैयारी भी शुरू कर दी है। सभी संभागीय उपायुक्त, सहायक आयुक्त और जिला संयोजकों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में पदस्थ शिक्षकों को परीक्षा की जानकारी दें और उनकी भागीदारी सुनिश्चित करें। 

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सख्त निर्देश: सभी अपात्र शिक्षकों को देना होगा मौका
विभाग ने स्पष्ट किया है कि जो शिक्षक अभी निर्धारित योग्यता पूरी नहीं करते हैं, उन्हें इस परीक्षा में शामिल होकर पात्रता हासिल करनी होगी। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि इस प्रक्रिया में किसी प्रकार की ढिलाई न बरती जाए और आदेशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए।

 
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