मूंग उपार्जन की एनओसी जारी करने और भुगतान से जुड़े काम कराने के बदले 90 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए मध्य प्रदेश वेयर हाउसिंग एंड लॉजिस्टिक्स कॉर्पोरेशन के एक दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी को लोकायुक्त पुलिस ने रंगे हाथों पकड़ा है। कार्रवाई के दौरान रिश्वत की रकम मांगने वाले निगम के कनिष्ठ सहायक की भूमिका भी सामने आई है। लोकायुक्त ने दोनों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है। मामला नर्मदापुरम के मीनाक्षी चौराहे स्थित अग्रवाल होटल का है। लोकायुक्त के अनुसार जसलपुर निवासी संदीप कुमार परसाई सहकारी सेवा समिति में सेल्समैन हैं और मूंग उपार्जन का काम भी करते हैं। उन्होंने शिकायत की थी कि उनके दो होल्डिंग चालान भुगतान के लिए पास कराने और मूंग उपार्जन की एनओसी जारी करने के बदले वेयरहाउसिंग कॉर्पोरेशन में पदस्थ कनिष्ठ सहायक भारत यादव ने 1.30 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी। शिकायत के मुताबिक, भारत यादव पहले ही 8 सितंबर को 40 हजार रुपये ले चुका था। इसके बाद एनओसी जारी करने के लिए 90 हजार रुपये और मांगे जा रहे थे। रिश्वत की मांग से परेशान होकर संदीप ने लोकायुक्त पुलिस से शिकायत की।