प्रदेश के सीहोर, सिंगरौली और बालाघाट में तेजी से कोरोना मरीज बढ़े हैं।यहां के क्राइसिस मैनेजमेंट समूह ने कर्फ्यू लगाने का सुझाव दिया था, जिसे फिलहाल सरकार ने टाल दिया है। सीहोर में न छात्रावास बंद होंगे, न ही कहीं कर्फ्यू लगेगा। एक हफ्ते तक यहां की स्थिति देखी जाएगी, उसके बाद शिवराज सरकार फैसला लेगी। बता दें कि बालाघाट में नाइट कर्फ्यू जारी है।
नए मामलों को आंकड़ा बढ़ रहा
भोपाल में 7 दिन में 553 केस यानी औसतन हर दिन 78 नए केस आए हैं। जबकि हर दिन ठीक होने वालों का औसत सिर्फ 65 है। अच्छी बात ये है कि 16 फरवरी के बाद से किसी भी मरीज की मौत नहीं हुई। अभी कोलार में सबसे ज्यादा 52 तो शाहपुरा में 41 संक्रमित हैं।
ठीक होने वाले मरीजों की संख्या घटी
जनवरी में भोपाल में रिकवरी रेट 148.88 प्रतिशत था, जो फरवरी में 113.38 प्रतिशत हो गया। जीएमसी के पल्मोनरी डिपार्टमेंट के एचओडी डॉ. लोकेंद्र दवे ने कहा कि पहले के मुकाबले अभी कांटेक्ट ट्रेसिंग कम हुई है। ऐसे में ए सिम्प्टोमेटिक मरीज कम मिल रहे हैं। संक्रमण के बाद इंफेक्शन बढ़ने पर मरीज इलाज के लिए आ रहे हैं। इसीलिए रेट घटा है।