मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को भोपाल के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल हमीदिया में नव स्थापित अत्याधुनिक सीटी स्कैन और एमआरआई मशीन का लोकार्पण किया। इस अवसर पर सीएम ने कहा कि मध्य प्रदेश में स्वास्थ्य सुविधाएं लगातार बढ़ रही हैं। खासकर भोपाल, जो एक संभागीय केंद्र और प्रदेश की राजधानी है, यहां स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक आधुनिक बनाया जा रहा है। इस अवसर खेल एवं युवक कल्याण तथा सहकारिता मंत्री विश्वास कैलाश सारंग, लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा राज्यमंत्री नरेन्द्र शिवाजी पटेल, विधायक रामेश्वर शर्मा, महापौर मालती राय, नगर निगम अध्यक्ष किशन सूर्यवंशी मौजूत रहे।
मध्य प्रदेश में 40 से अधिक मेडिकल कॉलेज
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सीएम ने कहा कि नई सीटी स्कैन और एमआरआई मशीनें मरीजों के लिए कष्ट के समय में जीवन दान देने जैसी हैं। ये मशीनें आधुनिक जांच के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। हमारी सरकार सरकारी अस्पतालों में उन्नत तकनीक वाली मशीनें स्थापित करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। पूरे प्रदेश में एक के बाद एक स्वास्थ्य सुविधाएं लागू की जा रही हैं। आज मध्य प्रदेश में 40 से अधिक मेडिकल कॉलेज हैं, जो हमारी सरकार की स्वास्थ्य के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है। हमने यह भी सुनिश्चित किया है कि सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को तत्काल अस्पताल पहुंचाया जाए। यदि मरीज की स्थिति गंभीर है, तो पहले घंटे में इलाज के लिए सरकार द्वारा 25,000 रुपये की अनुदान राशि प्रदान की जाएगी।
हमारा स्वास्थ्य मॉडल आज पूरे देश में एक उदाहरण
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि हमारा स्वास्थ्य मॉडल आज पूरे देश में एक उदाहरण के रूप में काम कर रहा है। इसके अलावा, हमने अस्पतालों को मेडिकल कॉलेज के रूप में विकसित करने के लिए एक नया मॉडल अपनाया है, जिसमें 25 एकड़ जमीन मात्र एक रुपये में उपलब्ध कराई जा रही है। यह देश का पहला ऐसा मॉडल है। अब तक चार मेडिकल कॉलेजों को इस योजना के तहत जमीन दी जा चुकी है, और जल्द ही इनका शुभारंभ भी होगा। “मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर हमीदिया अस्पताल के चिकित्सकों और कर्मचारियों की सराहना की और प्रदेशवासियों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।
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मशीनों की विशेषता
1- सीटी स्कैन मशीन वॉल्यूमेट्री, फ्यूजन और पर फ्यूजन जैसी आधुनिक तकनीकों से सुसज्जित है।
2- एमआरआई मशीन में डेडिकेटेड ब्रेस्ट कॉइल्स हैं, जिससे ब्रेस्ट कैंसर की गहन जांच आसान होगी।
3- दोनों मशीनें फास्ट स्क्रीनिंग में सक्षम हैं और हृदय रोगों की उन्नत जांच के लिए हाई-क्वालिटी कार्डियक पैकेज उपलब्ध कराती हैं।
18 करोड़ रुपए से लगी एमआरआई
अस्पताल ने मरीजों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए नए भवन ब्लॉक-1 में 6 करोड़ रुपए की सीटी स्कैन और 18 करोड़ रुपए की एमआरआई मशीनें स्थापित की हैं। इन्हें इमरजेंसी विभाग के ठीक पीछे लगाया गया है, ताकि गंभीर मरीजों की जांच तुरंत की जा सके। हाल ही में शासन से मंजूरी मिलने के बाद इन मशीनों के संचालन के लिए टेक्नीशियनों की नियुक्ति भी हो गई है।
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नए नियमों के तहत लगी मशीनें
यह पहल नेशनल मेडिकल काउंसिल (NMC) के नए नियमों के तहत की गई है, जिसके अनुसार सभी मेडिकल कॉलेजों में आधुनिक जांच सुविधाएं अस्पताल के अपने संचालन में होनी चाहिए। इससे पहले, हमीदिया अस्पताल में ये जांचें आउटसोर्स एजेंसियों के माध्यम से की जा रही थीं।