बालाघाट में समन्वयक अधिकारी के घर छापे की कार्यवाही करती टीम।
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राज्य आर्थिक अपराध अन्वेषण प्रकोष्ठ यानी ईओडब्ल्यू ने गुरुवार को बालाघाट के जनपद पंचायत खैरलांजी में समन्वयक अधिकारी रमेश कुमार पटले के घर छापा मारा। रमेश कुमार पटले के पास सवा करोड़ रुपये से अधिक की बेहिसाब संपत्ति मिली है। रमेश के साथ-साथ उसकी पत्नी लक्ष्मी पटले के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और आईपीसी की प्रासंगिक धाराओं के तहत केस रजिस्टर हुआ है।
ईओडब्ल्यू एसपी देवेंद्र प्रताप सिंह राजपूत को पटले द्वारा किए गए भ्रष्टाचार से संबंधित शिकायत मिली थी। जांच में पाया गया कि रमेश पटले 12 अप्रैल 1988 को ग्राम सहायक के पद पर नियुक्त हुआ था। बालाघाट जिले की वारासिवनी तहसील में काम कर रहे थे। इस समय प्रमोशन के बाद समन्वयक के तौर पर जनपद पंचायत खैरलांजी जिला बालाघाट में पदस्थ था। डीएसपी ईओडब्ल्यू मनजीत सिंह के नेतृत्व में इंस्पेक्टर प्रेरणा पांडे एवं अन्य ने गुरुवार सुबह आरोपी के घर पर छापा मारा है।
35 लाख रुपये वेतन, संपत्ति 1.25 करोड़ रुपये की
आकलन के अनुसार रमेश कुमार पटले को अब तक वेतन की आय से करीब 35 लाख रुपये की बचत हुई है। इसके विपरीत रमेश कुमार पटले ने 1.23 करोड़ रुपये की संपत्ति अर्जित की है।
अब तक इतनी संपत्ति का हुआ खुलासा-
- वारासिवनी में गंगोत्री कॉलोनी में 2,400 वर्गफीट में निर्मित मकान।
- वारासिवनी में गंगोत्री कॉलोनी में पत्नी के नाम 2,400 वर्ग फीट का प्लॉट। इस पर कमर्शियल कंपलेक्स बना है।
- वारासिवनी में गंगोत्री कॉलोनी में पत्नी के नाम पर 2,400 वर्ग फीट का एक प्लॉट।
- वारासिवनी में गंगोत्री कॉलोनी में ही पत्नी के नाम 2,880 वर्ग फीट का एक और प्लॉट है।
- ग्राम गर्रा में 1,500 वर्ग फीट का एक प्लॉट।
- वारासिवनी में 0.22 हैक्टेयर का प्लॉट।
- मोटरसाइकिल- MP50-MR-6714
- एसबीआई लाइफ (6.92 लाख रुपये) और सहारा इंडिया में (8.65 लाख रुपये) का निवेश