जानकारी के अनुसार बालाघाट शहर के सुरभिनगर में रहने वाले किशोर कुमार को खाते से रुपये गायब होने की जानकारी लगी तो वे कोतवाली में शिकायत करने पहुंचे थे। सायबर सेल की जांच में पता चला कि एक लाख 70 हजार रुपये बच्चे ने अपने मोबाइल से ऑनलाइन ट्रांसफर किए थे। नाबालिग ने फ्री फायर गेम में फायर इक्विपमेंट और आईडी खरीदने के लिए किया। बच्चे ने बैंक अकाउंट से रुपये भेजने या यूपीआई पिन बनाने की तरकीब यूट्यूब से सीखी थी।
बच्चे की उम्र को देखते हुए पिता किशोर कुमार ने थाने में कोई एफ़आईआर दर्ज नहीं कराई है। कोतवाली टीआई कमलसिंह गहलोत ने बताया कि जांच के बाद फरियादी को 64 हजार रुपये वापस दिलवाए गए हैं। साथ ही उन्होंने अभिभावकों से अपील की है कि बच्चों के मोबाइल फोन पर ध्यान दें। कहीं बच्चा मोबाइल फोन का दुरुपयोग तो नहीं कर रहा।