केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने आंध्र प्रदेश और पश्चिम बंगाल में सीबीआई के प्रवेश पर रोक लगाने के लिए दोनों राज्यों की सरकारों की आलोचना की है। उन्होंने आरोप लगाया कि अपने भ्रष्टाचार को छुपाने के लिए दोनों राज्यों ने यह कदम उठाया है। शनिवार को यहां मध्य प्रदेश भाजपा का चुनाव घोषणा पत्र जारी करने के बाद जेटली ने नोटबंदी की भी सराहना की और इसे एक नीतिपरक फैसला बताया।
उन्होंने दावा किया कि नोटबंदी का पांच राज्यों के चुनावों में भाजपा की संभावनाओं पर विपरीत असर नहीं पड़ेगा। क्योंकि यह गैर राजनीतिक कदम था। आंध्र प्रदेश और पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्रियों के अपने राज्यों में सीबीआई को नहीं घुसने देने के बारे में जेटली ने कहा, जिन राज्यों ने ऐसा कहा है वे दरअसल अपने लोगों को बचाना चाहते हैं और भ्रष्टाचार को छिपाना चाहते हैं। लेकिन इससे हासिल कुछ नहीं होगा क्योंकि ऐसा करने से घोटाले खत्म नहीं हो जाएंगे।
जेटली ने कहा कि हमारे देश में संघीय व्यवस्था है। सीबीआई का गठन केंद्रीय कर्मचारियों के गंभीर मामलों की जांच के लिए हुआ था। बाद में इसका दायरा बढ़ा दिया गया। सीबीआई खुद किसी राज्य के मामले की जांच नहीं करती। जब राज्य उससे अनुरोध करते हैं तभी वह जांच अपने हाथ में लेती है। उसे रोकने का कदम जो राज्य उठा रहे हैं, उन्हें भय है। वे कुछ छिपाना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि जहां तक आंध्र प्रदेश की सरकार का सवाल है, तो उसने किसी को बचाने के लिए यह कदम उठाया है। वित्त मंत्री ने साफ कहा कि भ्रष्टाचार को छुपाने के लिए सीबीआई को रोका जा रहा है।
गौरतलब है कि आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने शुक्रवार को कहा था कि सीबीआई भरोसे के लायक नहीं बची है। सीबीआई और आयकर विभाग की मदद से केंद्र सरकार उनकी सरकार गिराना चाहती है। इसलिए उन्होंने अपने राज्य में सीबीआई के प्रवेश पर रोक लगाई है। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी उनका समर्थन किया है।