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मध्यप्रदेश: कान्हा से भटके हाथी की सूंड बिजली के तारों में फंसी थी, आठ घंटे तड़पने के बाद तोड़ा दम

Sat, 28 Nov 2020 10:01 AM IST
Tanuja Yadav न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर
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बिजली के तारों में फंसकर हाथी ने तोड़ा दम - फोटो : social media
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मध्यप्रदेश के जबलपुर जिले से एक हाथी की दर्दनाक मौत का मामला सामने आया है। यह हाथी कान्हा नेशनल पार्क से भटक कर जिले के बरगी इलाके में पहुंच गया था। उसकी सूंड बिजली के तारों में फंसी हुई थी। आशंका जताई गई कि उसकी मौत करंट लगने या कीमती हाथी दांत पाने के लिए शिकार के चलते हुई है। दो हाथी भटके थे, दूसरा लापता।

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दरअसल 22 साल के दो हाथी नेशनल पार्क से तीन दिन पहले भटक गए थे। इसके बाद ये बरगी-बरेला के बीच डेरा जमाने लगे थे, लेकिन शुक्रवार को इन दोनों हाथियों में से एक हाथी का शव बरगी के मोहास गांव से लगे जंगल में मिला। हालांकि दूसरा हाथी अभी भी लापता है और वन विभाग की ओर से इसकी तलाश की जा रही है।

करंट से मौत की पुष्टि मृतक हाथी का पोस्टमार्टम करने वाले जबलपुर फॉरेंसिक विभाग के सेवानिवृत्त डॉ. एबी श्रीवास्तव ने बताया कि हाथी की मौत करंट से हुई है। दांत जमीन में गड़े थे जिस जगह हाथी का शव मिला, वहां जमीन पर हाथी के दांत गड़े हुए थे और सूंड खेत में बिछाए गए बिजली के तारों में फंसी हुई थी। वन विभाग की ओर से दावा किया जा रहा है कि विभाग का दस्ता बीते तीन दिन से इन्हीं हाथियों की निगरानी कर रहा था। इस हाथी की मौत के पीछे यह भी आशंका जताई जा रही है कि कीमती दांत के लिए हाथी का शिकार किया गया है।
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बता दें कि ये हाथी मंडला से लौटते समय दल से बिछड़ गए थे और चार दिन पहले जबलपुर की बरेला रेंज में पहुंचे थे। तन्खा बोले, आश्चर्यजनक घटना इस मामले में कांग्रेस के राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा का कहना है कि जंगली हाथी का बरगी तक पहुंचना और मृत पाया जाना आश्चर्चजनक है। उन्होंने कहा कि यह जांच का विषय है। सिवनी-बांधवगढ़ नेशनल पार्क में इन दिनों 40 हाथियों का मूवमेंट है। इससे पहले 29 अगस्त को भी 11 केवी की हाईटेंशन लाइन से टकराकर एक हाथी की मौत हो गई थी।

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