मध्यप्रदेश की वाणिज्यिक राजधानी इंदौर में स्वाइन फ्लू से हो रही मौत के आंकड़े लगातार बढ़ते ही जा रहे हैं। साल 2019 में अब तक 41 लोगों की मौत हो गई है। जबकि कई ऐसे भी मरीज हैं जिनकी हालत चिंताजनक बताई जा रही है।
चीफ मेडिकल ऑफिसर प्रवीण जाडिया ने बताया कि जनवरी से अब तक हमने टेस्ट के लिए 644 सेंपल्स भेजे थे जिसमें से 152 मरीजों की रिपोर्ट में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है। 10 सेंपल ऐसे भी हैं जिनकी अभी रिपोर्ट आना बाकी है।
उन्होंने बताया कि मरीजों की सुविधा के लिए हमने फीवर क्लिनिक और स्क्रीनिंग सेंटर्स की संख्या को बढ़ाया है। यहां मरीज प्राथमिक उपचार करा सकते हैं।
स्वाइन फ्लू के लक्षण
- शुरुआत में जुकाम, खांसी, तेज बुखार
- सांस की दिक्कत बढ़ना
- शरीर में आक्सीजन की कमी, हाथ-पैर नीले पड़ जाना
- रोगी का बेहोश होना, फेफड़ों में निमोनिया बढ़ना
ऐसे करें बचाव
- भीड़भाड़ वाले स्थानों पर जाने से बचें
- सामने वाला छींक रहा हो तो कम से कम एक मीटर की दूरी बना लें
- खुद अगर छींकें तो मुंह पर रुमाल रख लें
- बाहर से घर आने पर पहले साबुन से हाथ धोएं
- बाहर रहने पर चेहरे पर हाथ न लगाएं
- नमस्ते करें, हाथ न मिलाएं
- स्वाइन फ्लू का टीका लगवाएं
- जुकाम में सांस की दिक्कत बढ़ने पर डाक्टर को दिखाएं