पन्ना जिले के बड़ी देवी मंदिर के पास स्थित सरकारी पिछड़ा वर्ग बालक पोस्ट मैट्रिक छात्रावास के दर्जनों छात्रों ने खाने की घटिया गुणवत्ता और अव्यवस्थाओं के खिलाफ बुधवार 14 अक्तूबर को कलेक्ट्रेट परिसर में पहुंचकर प्रदर्शन किया। दूषित भोजन का सेवन करने से छात्रावास के करीब 30 से 40 छात्र बीमार पड़ चुके हैं। आक्रोशित छात्रों ने चेतावनी दी है कि यदि शाम तक जांच दल छात्रावास नहीं पहुंचता है, तो वे खाना नहीं खाएंगे और कलेक्ट्रेट परिसर में ही धरने पर बैठेंगे।
दूषित भोजन से बीमार पड़ रहे छात्र
छात्रावास के एक छात्र सं ने बताया कि मुख्यमंत्री ने बीते 23 तारीख को मेस का शुभारंभ किया था। इसके बावजूद विद्यार्थियों को घटिया खाना और नाश्ता परोसा जा रहा है। भोजन में लगातार कीड़े निकल रहे हैं और तय मेन्यू के अनुसार हरी सब्जियां भी नहीं दी जा रही हैं। दूषित खाना खाने के कारण 30 से 40 विद्यार्थी बीमार पड़ चुके हैं। जब छात्र शिकायत करते हैं, तो अधिकारी बजट न आने की बात कहकर बात टाल देते हैं। छात्रावास अधीक्षक और अधिकारी उल्टा छात्रों को हॉस्टल से बाहर निकालने और भोजन कम करने की धमकियां देकर दबाने का प्रयास करते हैं।
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अपर कलेक्टर ने दिए जांच के आदेश
छात्रों के उग्र प्रदर्शन और गंभीर आरोपों पर अपर कलेक्टर मधुवंत राव धुर्वे ने तत्काल संज्ञान लिया। उन्होंने जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी को अविलंब छात्रावास पहुंचकर मौके का निरीक्षण करने के कड़े निर्देश जारी किए। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जांच रिपोर्ट में भोजन की खराब गुणवत्ता, सफाई में लापरवाही या वार्डन की तानाशाही सिद्ध होने पर संबंधित अधिकारियों और हॉस्टल वार्डन के विरुद्ध कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।