मुख्यमंत्री ने सहारनपुर में दुर्घटना के बाद डायल 100 द्वारा घायल युवक को अस्पताल न ले जाने की घटना पर भी खासी नाराजगी जताई। पुलिस इतनी संवेदनहीन कैसे हो सकती है? ऐसी घटनाओं से आम लोगों में पुलिस की छवि खराब होती है। अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को आश्वस्त किया कि इस मामले में दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
मथुरा में अपराधों पर लगाएं अंकुश
मथुरा में एक के बाद एक हो रही वारदात पर मुख्यमंत्री ने नाराजगी जताते हुए कहा कि अपराधियों के खिलाफ क्यों कार्रवाई नहीं हो रही है? मथुरा में एनकाउंटर के दौरान पुलिस फायरिंग में बच्चे की मौत पर अफसोस जाहिर करते हुए उन्होंने हिदायत दी कि भविष्य में ऐसी घटना नहीं होनी चाहिए। मथुरा में मंत्री चौधरी लक्ष्मी नारायण के रिश्तेदार की हत्या के अलावा कई अन्य घटनाओं का खुलासा न होने पर मुख्यमंत्री ने अफसरों को फटकारा।
राजधानी को मिले 200 अतिरिक्त पुलिस कर्मी
प्रमुख सचिव गृह ने बताया कि राजधानी को 200 अतिरिक्त सिपाही उपलब्ध कराए हैं जिनको ग्रामीण क्षेत्रों के थानों पर लगाया जाएगा। उन्होंने बताया कि यूपी 100 की गाड़ियों को भी ग्रामीण क्षेत्रों में न सिर्फ बढ़ाया गया है बल्कि उनको लगातार मूवमेंट करने को कहा गया है।
राजधानी के अपराध पर डीजीपी ने भी की बैठक
उधर, राजधानी में हुई ताबड़तोड़ घटनाओं ने नवागंतुक डीजीपी ओपी सिंह के भी माथे पर शिकन ला दी है। उन्होंने भी लखनऊ के अधिकारियों को घटनाओं के खुलासे के निर्देश दिए हैं। ओपी सिंह ने डीजीपी का चार्ज लेने के बाद लखनऊ के अधिकारियों के साथ अलग से बैठक की और बदमाशों को पकड़ने का निर्देश दिया।