इसके अलावा आवास एवं शहरी नियोजन में एकमुश्त समाधान योजना के संचालन, आबकारी विभाग की सभी कार्यप्रणाली को आनलाइन किए जाने, उत्तर प्रदेश सहकारी चीनी मिल संघ लिमिटेड की चीनी मिलों द्वारा उत्तर प्रदेश सहकारी बैंक व जिला सहकारी बैंकों से उपलब्ध कराई जाने वाली नगद साख सीमा की सुविधा के लिए दी गई सुरक्षा की गारंटी पर दिया जाने वाला शुल्क माफ किया जा सकता है।
उत्तर प्रदेश चीनी एवं गन्ना विकास निगम लिमिटेड की पिपराइच एवं मुंडेरवा चीनी मिलों के गन्ना किसानों को मौजूदा सत्र में शासकीय गारंटी दिए जाने का भी प्रस्ताव है।
केंद्रीय सहायता योजना ‘इस्टैब्लिशमेंट ऑफ न्यू मेडिकल कॉलेज अटैच्ड विद एक्जिस्टिंग डिस्ट्रिक्ट रेफरल हॉस्पिटल (फेस 1) के तहत 586 राज्य चिकित्सा महाविद्यालयों के में कार्यरत आचार्य एवं सह आचार्य के रूप में पद नामित चिकित्सा शिक्षकगण को प्रतिनियुक्ति पर माने जाने के लिए बायलॉज में संशोधन के प्रस्ताव को मंजूरी मिल सकती है।
चंदौली की तहसील पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर के ग्राम हरिहरपुर व्यासपुर फतेहपुर एवं चांदीतारा में स्थित श्रम विभाग की 34.03 एकड़ भूमि को एनडीआरएफ की 11 वीं बटालियन के मुख्यालय के लिए आवंटित किए जाने का प्रस्ताव है। वहीं बिजनौर में नगर पालिका की भूमि को भूतपूर्व सैनिकों के लिए बनने वाली पॉलीक्लिनिक को उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही निजी क्षेत्र में विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए आशय पत्र निर्गत किए जाने को भी मंजूरी दी जाएगी।
- बरेली स्थित पुराने जिला कारागार को पुन: जिला कारागार के रूप में चालू रखा जाएगा। यहां नवीन जिला कारागार केंद्रीय कारागार द्वितीय के रूप में विकसित किया जाएगा। जबकि महिला कारागार को महिला केंद्रीय कारागार के रूप में विकसित किया जाएगा।
- खनिज नियमावली 2020 को प्रख्यापित किया जाना है। खनन के पट्टे ई निविदा के माध्यम से दिए जाते हैं। इसे रेगुलेट करने के लिए रेगुलेशन फी लगाने के लिए अनुमोदित किया गया है।
- रजिस्ट्रेशन अधिनियम पंजीकरण फीस को लेकर अनुमोदन पास किया गया जिसमें अब तक 2 प्रतिशत दिया जाता था पर अब एक प्रतिशत ही रजिस्ट्रेशन फी ली जाएगी।
- जनपद चंदौली के ग्राम हरिहरपुर, व्यासपुर फतेपुर, 34.1 एकड़ में एनडीआरएफ का मुख्यालय बनाने का निर्णय लिया गया। सभी जनपद में किसी प्रकार की आपदा में एनडीआरएफ की त्वरित सहायता मिल पाएगी।
- सेना के पूर्व जवान के लिए पॉलीक्लीनिक बनाने की व्यवस्था कैबिनेट के जरिए की गई है।
- निजी क्षेत्र में विश्वविद्यालय की स्थापना हेतु 2019 राज्य कुलपति के समिति की अध्यक्षता में इसका निर्माण कराया गया है। जिसे कैबिनेट में लाया गया है। इसे मंजूरी दे दी गई है।
- उत्तर प्रदेश सहकारी संग्रह नीति 2002 में संशोधन किया जायगा। 2016 के नियम 179 में बकाएदारों से वसूल किये जाने का संग्रह शुल्क को 5 प्रतिशत निर्धारित किया गया है। अमीन द्वारा इस शुल्क की वसूली के दौरान पुराना कमीशन दिया जाना संभव नहीं है। अब कमीशन तीन प्रतिशत किया गया अतिरिक्त कमीशन को खत्म किया गया।
- प्रदेश के विंध्यक्षेत्र में पेय जल का क्रियान्वयन, कुल 9 जनपदों के 445 डीपीआर तैयार करा ली गई है। इसके लिए कार्यदायी फर्मों का चयन कर लिया गया है।
- माध्यमिक विद्यालय के प्रान्तीयकरण हेतु नीति का निर्धारण। गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए प्रत्येक जनपद में राजकीय कॉलेज बनाए जाएं। इसकी स्थापना में नीति के अनुसार, प्रान्तीयकरण किया जाना निश्चित किया गया है।
- उत्तर प्रदेश वेब मीडिया नीति 2016 में निर्धारित की गई थी। वेबसाइटों के हिट्स को 2.5 लाख से पांच लाख किया जाना निर्धारित किया गया है। जिसके जरिये प्रचार प्रसार किया जा सके।