सूबे के सभी आश्रम पद्धति विद्यालयों में प्रवेश के लिए अब प्रदेश स्तर पर लिखित परीक्षा होगी। इसके लिए शासन ने 14 फरवरी की तारीख तय की है। मुख्य सचिव की ओर से जारी शासनादेश में प्रवेश परीक्षा की जिम्मेदारी हर जिले में डीएम की अध्यक्षता में गठित कमेटी को दी गई है।
प्रदेश में 94 आश्रम पद्धति विद्यालय हैं, जिनमें कक्षा-6 से 12 तक की पढ़ाई होती है। हर विद्यालय में 490 छात्रों के रहने-खाने और पढ़ने की व्यवस्था है। इन विद्यालयों में 85 प्रतिशत ग्रामीण व 15 प्रतिशत शहरी क्षेत्रों के छात्र लिए जाने का नियम है।
60 प्रतिशत अनुसूचित जाति व जनजाति, 25 प्रतिशत अन्य पिछड़ा वर्ग व 15 प्रतिशत सामान्य वर्ग के छात्रों को दाखिला दिया जाता है। अभी तक इन विद्यालयों में प्रवेश के लिए कोई निश्चित नियम नहीं था।