श्रावस्ती। दो साल के बच्चे को मारपीट का आरोपी बना दिया गया। मामला भिनगा कोतवाली क्षेत्र के गढ़ी गांव का है। यहां दर्ज एक मुकदमे में विवेचक ने दो साल के एक बालक को आरोपी बना दिया। इतना ही नहीं न्यायालय पर आरोपपत्र भी भेज दिया। समन मिलने के बाद बालक के पिता ने सीजेएम न्यायालय पर प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया। इसे संज्ञान में लेते हुए न्यायालय की ओर से शुक्रवार को एसपी को विवेचक की जांच के लिए पत्र भेजा गया है। भिनगा कोतवाली क्षेत्र के ग्राम गढ़ी में वर्ष 2007 में मारपीट हुई थी। इसकी विवेचना कोतवाली में तैनात तत्कालीन दरोगा चंद्र देव यादव ने किया था जिन्होंने गांव निवासी सद्दीक, शब्बीर, गुड़िया व बुज्जा के खिलाफ मारपीट के मामले में न्यायालय पर 2007 में आरोप पत्र भेजा था। इस मामले में न्यायालय की ओर से सभी आरोपियों के खिलाफ समन जारी किया गया था।
समन मिलने के बाद आरोपी बुज्जा के पिता सद्दीक ने न्यायालय में उपस्थित होकर सीजेएम को एक प्रार्थना पत्र दिया था। इसमें उसका कहना था कि विवेचक ने उसके पुत्र बुज्जा को घटना का आरोपी बनाया है जबकि घटना के समय बुज्जा की उम्र मात्र दो साल थी। ऐसे में उसकी आयु कम होने के कारण उसका नाम मुकदमे से उपशमित (हटाया) किया जाए। पिता ने आरोपी के उम्र की संबंध में साक्ष्य भी दिया था। मामले में शुक्रवार को सीजेएम शारिब अली ने आरोपी बुज्जा को उपशमित कर दिया। साथ ही विवेचना में लापरवाही बरतने वाले तत्कालीन विवेचक उपनिरीक्षक चंद्रदेव यादव के खिलाफ जांच के लिए एसपी को पत्र लिखा है। (संवाद)