कर्मचारी-शिक्षक-अधिकारी पुरानी पेंशन बहाली मंच के नेताओं ने नई पेंशन स्कीम में 5700 करोड़ के घोटाले का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि सोमवार को इको गार्डन में होने वाली रैली में इस घोटाले का खुलासा किया जाएगा। बताया जाएगा कि देश के किस राज्य में नई पेंशन स्कीम के तहत एकत्र कितनी धनराशि शेयर बाजार में लगाई गई।
कर्मचारी नेताओं ने दावा किया कि लखनऊ की रैली में पुरानी पेंशन बहाली के लिए एक लाख से ज्यादा लोग जुटेंगे और आरपार के संघर्ष का संकल्प लेंगे। इसके बाद अन्य राज्यों की राजधानियों में भी रैलियां होंगी। फिर भी सरकार न चेती तो राज्य और केंद्र सरकार के कर्मचारी एकजुट होकर दिल्ली कूच करेंगे।
पुरानी पेंशन बहाली मंच के संयोजक हरिकिशोर तिवारी, अध्यक्ष डॉ. दिनेश चन्द शर्मा, रेलवे के कर्मचारी नेता आरके. पांडेय, वीरेन्द्र तिवारी और जेपी. सिंह शनिवार को यहां रैली की तैयारी को लेकर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। मंच के नेताओं ने आरोप लगाया कि 1 अप्रैल 2005 के बाद देेश भर में 5700 करोड़ रुपये नई पेंशन स्कीम में एकत्र हुए। पर, यह रकम कहां जमा है इसका कोई लेखा-जोखा सरकार के पास नहीं है।
राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद ने 2003 में ही दिल्ली तक साइकिल रैली निकाल कर विरोध दर्ज कराते हुए इस नई योजना की खामियां उजागर की थीं। उस समय राजनाथ सिंह और कल्याण सिंह सहित 52 सांसदों ने पुरानी पेंशन बहाली के पक्ष में सरकार को पत्र भी लिखा था।