लखनऊ। राजधानी में महिला सुरक्षा के नाम पर करोड़ों की लागत से बनाए गए पिंक शौचालय पिछले करीब दो वर्षों से बंद पड़े हैं। शहर के प्रमुख चौराहों पर बने ये शौचालय पल ताला लगा हुआ है। हनुमान सेतु जैसे व्यस्त और आस्था के प्रमुख केंद्र की है। जेठ के बड़ा मंगल पर जहां हजारों महिला श्रद्धालु दर्शन के लिए उमड़ रही हैं। शौचालय पर ताला लाग हाेने से महिलाओं को काफी असुविधा हो रही है। यही हाल लखनऊ विश्वविद्यालय के न्यू कैंपस का है, जहां छात्राओं की सुविधा के लिए बने शौचालय महीनों से बंद हैं। सिर्फ एक-दो जगह नहीं, बल्कि हुसाड़िया चौराहा, इंदिरानगर आम्रपाली मार्केट, महानगर और गोमतीनगर जैसे पॉश इलाकों में भी स्थिति जस की तस है।
महासमिति ने की मांग खुलवाने की मांग
जानकीपुरम विस्तार जनकल्याण महासमिति की ओर से भी पिंक शौचालयों को खुलवाने की मांग की गई है। महासचिव विनय कृष्ण पांडेय ने बताया कि करोड़ों रुपए खर्च कर जो पिंक टॉयलेट बनाए गए थे, वे अब असामाजिक तत्वों का अड्डा बन रहे हैं वहां पर दुकानें खोल दी गई हैं। इस संबंध में कई बाद नगर निगम शिकायत की जा चुकी है, लेकिन अधिकारियों के कान पर जूं तक नहीं रेंग रही। फिर से महासमिति की ओर से इसे खुलवाने की मांग की गई है।
बंद पिंक टॉयलेट।