पहाड़ों से टकराकर आ रही पछुआ हवा ने रातों को सर्द करना शुरू कर दिया है। लगातार कई दिन का न्यूनतम पारा 18 डिग्री के करीब दर्ज किया गया। हालांकि, सर्दी बीते साल की तुलना में इस बार देरी से दस्तक दे रही है। बीते साल अक्तूबर से तुलना की जाए तो इस बार पारा लगभग 10 दिन की देरी से नीचे पहुंचा।
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक जेपी गुप्ता ने बताया कि पहाड़ों पर कुछ इलाकों पर बर्फबारी और पछुआ हवाओं से न्यूनतम पारा सरका है। आने वाले दिनों में पूर्वी उप्र के इलाकों में बूंदाबांदी-बौछारें भी पड़ सकती हैं।
मौसम विभाग के अनुसार हल्की ठंडक जरूर बढ़ती जाएगी। तापमान में गिरावट दर्ज होगी क्योंकि उत्तर-पश्चिमी हवाएं 31 अक्टूबर तक चलती रहेंगी। इस दौरान पूरे प्रदेश में मौसम के शुष्क रहने के आसार हैं।