चुनाव आयोग ने कहा है कि आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने केंद्र सरकार के एक अप्रैल से प्राकृतिक गैस के दाम बढ़ाने के फैसले को लेकर जो शिकायती पत्र दिया है उसकी समीक्षा की जा रही है।
चुनाव आयुक्त एचएस ब्रह्मा ने कहा कि चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन के दायरे में यदि गैस के दाम बढ़ाए जाने का प्रस्ताव आता है तो आयोग जरूर कार्रवाई करेगा। आयोग इसके हर पहलुओं की जांच कर रहा है।
दरअसल, अरविंद केजरीवाल ने गुरुवार को चुनाव आयोग को पत्र लिखकर यह शिकायत की थी कि केंद्र सरकार ने एक अप्रैल से प्राकृतिक गैस का मूल्य 4.2 डॉलर प्रति एमएमबीटीयू (10 लाख ब्रिटिश थर्मल इकाई) से बढ़ाकर 8.4 डॉलर करने का निर्णय लिया है।
इस नीतिगत फैसले को सरकार एक अप्रैल से लागू करने जा रही है। यह आदर्श आचार संहिता का खुला उल्लंघन है।
इसका सीधा मकसद मुकेश अंबानी के नेतृत्व वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड को बहुत अधिक आर्थिक लाभ दिलाना है। यह चुनाव के दौरान भ्रष्टाचार में आता है।
इसी मसले पर शुक्रवार को जब चुनाव आयोग से पूछा गया तो चुनाव आयुक्त एचएस ब्रह्मा ने कहा कि आयोग पूरी गंभीरता से इस मामले की जांच कर रहा है।
वहीं, मुख्य चुनाव आयुक्त वीएस संपत ने कहा कि यह मसला काफी दिनों से विचाराधीन है। इसे दो महीने के लिए और रोका जा सकता है। उन्होंने कहा कि पत्र की समीक्षा की जा रही है।