बाराबंकी के सिद्धौर कस्बे के सामान्य हो रहे हालात मंगलवार को फिर बिगड़ गए। सोमवार रात एक पालेशर को आग के हवाले करने से माहौल बिगड़ने की चिंगारी भड़की। सुबह फिर उसी पक्ष द्वारा एक चालक की पिटाई ने आग में घी का काम किया।
पल भर में इलाके का माहौल बिगड़ गया और दोनों पक्ष के सैकड़ों लोग सड़क पर उतर आए। माहौल बिगड़ने की जानकारी पर पुलिस ने हालात संभालने के बजाय आम ग्रामीणों को निशाना बना डाला। पुलिस ने मदारपुर अमरसिंह गांव में जमकर तांडव किया।
वर्दीधारियों ने लोगों को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। यहां तक महिलाओं और बच्चों को भी नहीं छोड़ा। पुलिस की पिटाई से तीन लोग गंभीर रुप से घायल हो गए जिन्हें उपचार के लिए परिवारीजन निजी अस्पताल ले गए।
जानकारी के मुताबिक, सोमवार रात इटहिया गांव के अरविंद और छोटू ने इटहिया मजरे पंडरावा निवासी शाहिद के पालेशर में आग लगा दी जिससे उसका पालेशर पूरी तरह से चलकर राख हो गया। शाहिद ने बताया कि पालेशर के अंदर राइसब्रान और कई ट्रक राइस हस्क लगी थी वह भी जलकर राख हो गई। इस घटना ने इलाके में माहौल बिगाड़ने में चिंगारी का काम किया।