अमीनाबाद थाना प्रभारी आलोक राय के मुताबिक, पूछताछ में मंगलेश ने बताया कि वह वाहनों की चोरी के लिए मास्टर चाबी का प्रयोग करता था। इलाके में टहलते थे और जहां सन्नाटे में कोई वाहन खड़ा देखते थे, उसे चुरा लेते थे। फिर उसे रेलवे स्टेशन और बस अड्डे की पार्किंग में खड़ा कर देते थे। कुछ दिनों बाद उसे बेच देते थे।
थाना प्रभारी के अनुसार, मंगलेश ने अब तक करीब 40 से 45 चार पहिया वाहन तो वहीं 80 से 90 दोपहिया वाहनों को चुराया है। वहीं एडीसीपी के मुताबिक, साल 2019 में मंगलेश ने महानगर इलाके से कार बाजार से एक साथ आठ चार पहिया वाहन को चुराया था।
इसके बाद मंगलेश को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। तभी मंगलेश पर गैंगस्टर भी लगाया गया था जिसकी कार्रवाई चल रही है। डीसीपी पश्चिम सोमेन वर्मा ने गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम को 10 हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा की।