कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों में अब अलग से उर्दू शिक्षक भी रखे जाएंगे। इन्हें हर महीने 12,000 रुपये मानदेय दिया जाएगा।
पहले अंशकालिक शिक्षकों में एक शिक्षक उर्दू की जानकारी वाला रख लिया जाता था। उर्दू शिक्षक अलग से रखने की व्यवस्था होने के बाद अब चार के स्थान पर तीन ही अंशकालिक शिक्षक रखे जाएंगे।
सर्व शिक्षा अभियान की राज्य परियोजना निदेशक शीतल वर्मा ने इस संबंध में बेसिक शिक्षा अधिकारियों को निर्देश भेज दिया है।
प्रदेश की बेसहारा व निराश्रित बालिकाओं को कक्षा 6 से 8 तक मुफ्त शिक्षा के लिए 746 कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय खोले गए हैं।