यूपी में अपराधियों को दबोचने वाले पुलिस कर्मियों की हौसला आफजाई के लिए पुरस्कार राशि में पांच गुना तक बढ़ोत्तरी कर दी है। प्रमुख सचिव गृह किसी अपराधी पर अब पांच लाख रुपये तक इनाम घोषित कर सकेंगे। वहीं डीजीपी का अपराधियों पर इनाम घोषित करने का अधिकार 50 हजार से बढ़ाकर ढाई लाख रुपये कर दिया गया है। जोन स्तर पर यह राशि 15 हजार रुपये की जगह एक लाख रुपये होगी।
प्रमुख सचिव गृह अरविंद कुमार ने बताया कि अपराधियों को पकड़ने के लिए इनाम घोषित करने के जो नियम हैं वह काफी पुराने हैं। यह राशि पुलिस पुलिस कर्मियों का मनोबल बढ़ाने के लिए पर्याप्त नही है। इसलिए इसमें बढ़ोत्तरी की गई है। डीजीपी और एसएसपी के वित्तीय अधिकार में पांच गुना बढ़ोत्तरी हुई है। वहीं एडीजी को अब एक लाख रुपये तक का पुरस्कार देने का अधिकार होगा। प्रमुख सचिव गृह के बाद गृह मंत्री या मुख्यमंत्री अपने विवेक से पुरस्कार की राशि घोषित कर सकते हैं।
एक लाख से ऊपर के छह इनामी अपराधियों की तलाश
एक लाख या उससे अधिक रुपये के इनामी छह अपराधी हैं। गौतमबुद्घ नगर के कुलवीर और चित्रकूट के गौरी यादव पर एक-एक लाख रुपये का इनाम है। गाजीपुर के अताउर्रहमान और शहाबुद्दीन व बलिया के कौशल कुमार चौहान पर दो-दो लाख रुपये का इनाम है। हाल ही में पुलिस को चकमा देकर चित्रकूट के जंगल से भागने वाले बबुली कौल पर सरकार ने पांच लाख रुपये का इनाम घोषित है।