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अखिलेश ने दी सौगात, अब रिटायरमेंट की उम्र 58 से 60

Fri, 02 Aug 2013 01:34 AM IST
लखनऊ/ब्यूरो
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उत्तर प्रदेश के लखनऊ में लोकसभा चुनाव की आहट के बीच बृहस्पतिवार को प्रदेश की सपा सरकार ने कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी देकर माहौल अपने पक्ष में करने की कोशिश की। इसके तहत राजीव गांधी आवास योजना में अब आवंटियों को फ्री में मकान बनाकर दिए जाएंगे।
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भारत सरकार की शर्तों के मुताबिक उनसे लिया जाने वाला अंशदान का भार अब राज्य सरकार उठाएगी। बृहस्पतिवार को यह निर्णय मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में लिया गया।

भारत सरकार ने मलिन बस्तियों में रहने वालों को पक्के मकान बनाकर देने के लिए राजीव गांधी आवास योजना शुरू की है। इसके तहत बनने वाले एक मकान पर 3.50 लाख से 4.50 लाख रुपये का खर्च किया जाएगा।
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इस खर्च का 50 फीसदी केंद्र सरकार देगी और 12 प्रतिशत सामान्य लाभार्थियों से और अनुसूचित जाति, जनजाति, पिछड़ा वर्ग व अन्य कमजोर वर्गों से 10 प्रतिशत लेने की व्यवस्था थी।

नगर विकास मंत्री मोहम्मद आजम खां की अध्यक्षता में 3 अप्रैल 2013 को हुई बैठक में यह सहमति बनी थी कि चूंकि अति कमजोर वर्गों के लिए ये मकान बनाए जाने हैं, इसलिए इसका खर्च राज्य सरकार उठाए।

इसके आधार पर यह प्रस्ताव कैबिनेट में रखा गया था, जिसे मंजूरी मिली है। राजीव आवास योजना में मलिन बस्तियों में रहने वालों को वहीं पर पक्के मकान बनाकर देने हैं। इसके लिए एक साथ कम से कम 20 मकान होने चाहिए।

इन बस्तियों में पहले जरूरी सुविधाएं विकसित की जाएंगी। कच्चे या फिर झोपड़ी डालकर रहने वालों को उसी स्थान पर पक्के मकान बनाकर दिए जाएंगे। आवंटी को एक बार पक्का मकान बनाकर दिए जाने के बाद उसे हटाया नहीं जाएगा।

मलिन बस्ती से यदि किसी को हटाया जाना तो उसके लिए पहले वैकल्पिक व्यवस्था की जाएगी। इस योजना में जवाहर लाल नेहरू अरबन नवीनीकरण मिशन (जेएनएनयूआरएम) के सात सूत्रीय चार्टर व्यवस्था लागू की गई है।

इसमें जमीन की सुरक्षा, किफायती आवास, पानी, सफाई, शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा की गारंटी होगी।

आसरा योजना के मकानों की बढ़ी निर्माण लागत
आसरा योजना में बनाकर दिए जाने वाले मकानों की निर्माण लागत 2.50 लाख से बढ़ाकर 2.96 लाख रुपये कर दी गई है। इसके साथ ही मकानों का मानकीकरण की कर दिया गया है।

इस योजना में आवंटियों को 250 से 300 वर्ग फिट में एक कमरा, एक बरामदा, शौचालय, किचन बनाकर दिए जाएंगे। आसरा योजना के मकान तीन मंजिला अपार्टमेंट में बनाए जाएंगे। यह निर्णय कैबिनेट की बैठक में लिया गया।

आसरा योजना में शहरी गरीबों को मुफ्त मकान उपलब्ध कराने के साथ ही मूलभूत सुविधाएं दी जाएंगी। योजना में अतिरिक्त कार्य कराए जाने को भी मंजूरी दी गई है।

इसके तहत जलापूर्ति के लिए नलकूप, पंप हाउस व ओवर हेड टैंक तथा सेफ्टिक टैंक बनाए जाएंगे। सड़क, पार्क, स्ट्रीट लाइट, चाहरदीवारी तथा गेट बनाए जाएंगे।

पीपीपी मॉडल पर तैयार कराया जाएगा ट्रांसमिशन नेटवर्क
यूपी पावर ट्रांसमिशन कारपोरेशन अब निजी सार्वजनिक सहभागिता (पीपीपी) मॉडल पर दर आधारित प्रतिस्पर्धात्मक बिडिंग (टैरिफ बेस्ड कंपटिटिव बिडिंग) के जरिये ट्रांसमिशन नेटवर्क तैयार कराएगा।

कैबिनेट की बैठक में इससे संबंधित प्रस्ताव पर मुहर लगा दी गई। पीपीपी मॉडल पर जिन ट्रांसमिशन परियोजनाओं को क्रियान्वित कराने का फैसला किया गया है उनमें पूर्व में तैयार कराई गई 765 केवी ललितपुर-आगरा लाइन का निर्माण यथावत किया जाएगा।

765 केवी ललितपुर-जवाहरपुर तथा जवाहरपुर-आगरा लाइनों का एलाइनमेंट बदलकर 765 केवी ललितपुर-(घाटमपुर-भोगनीपुर-बिल्हौर समूह)- आगरा लाइन का निर्माण कराया जाएगा।

1980 मेगावाट क्षमता की ललितपुर तापीय परियोजना से बिजली निकासी के लिए ट्रांसमिशन नेटवर्क का निर्माण भी टैरिफ बेस्ड कंपटिटिव बिडिंग के आधार पर कराने का फैसला किया गया है।

स्वशासी संस्थाओं के 50 हजार कर्मियों को तोहफा
लोकसभा चुनावों की आहट के बीच प्रदेश मंत्रिपरिषद ने सूबे की स्वशासी संस्थाओं के करीब 50 हजार कर्मचारियों की रिटायरमेंट आयु 58 से बढ़ाकर 60 वर्ष करने के प्रस्ताव पर सैद्धांतिक सहमति दे दी है।

अब स्वशासी संस्थाएं विभिन्न शर्र्तों का पालन करते हुए अपने कर्मचारियों को 60 वर्ष पर रिटायर करने का निर्णय ले सकेंगी। हालांकि इस संबंध में उन्हें आगे भी कैबिनेट से मुहर लगवानी होगी।

लाभार्थी स्वशासी संस्थानों में उत्तर प्रदेश स्वतंत्रता सेनानी कल्याण संस्थान, भदोही औद्योगिक विकास प्राधिकरण, राज्य ललित कला अकादमी, ग्रेटर नोएडा, लीडा लखनऊ, जिला ग्राम्य विकास अभिकरण, हिंदी संस्थान, संस्कृत संस्थान, उर्दू अकादमी, फखरुद्दीन अली अहमद मेमोरियल कमेटी, भाषा संस्थान एवं सिंधी अकादमी, मत्स्य पालक विकास अभिकरण, संगीत नाटक अकादमी और अयोध्या शोध संस्थान शामिल हैं।

हवाई सेवा से जुड़ेंगे सूबे के पर्यटक स्थल
प्रदेश सरकार ने सूबे में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए पर्यटक स्थलों को हवाई सेवा से जोड़ने का फैसला किया है। प्रदेश मंत्रिपरिषद ने बृहस्पतिवार को वायु सेवा संचालन शुरू करने की सैद्धांतिक सहमति दे दी।

यूपी राज्य पर्यटन विकास निगम को वायु सेवा संचालन से जुड़े समस्त कार्यों के लिए नोडल विभाग बनाया गया है। प्रदेश में अर्से से कई पर्यटक स्थलों को हवाई सेवा से जोड़ने की आवश्यक ता महसूस की जा रही है।

सूबे के तमाम पर्यटन स्थल ऐसे हैं जहां देश-दुनिया से बड़ी संख्या में पर्यटक आते हैं। हवाई सेवा के जरिए पर्यटकों के आवागमन की सुविधा बढ़ाने से प्रदेश में व्यापार व अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।

प्रदेश सरकार का मानना है कि यह सेवा बौद्ध परिपथ में आने वाले पर्यटकों के लिए विशेष फायदेमंद होगी। प्रदेश में लखनऊ, झांसी, आगरा, वाराणसी, गोरखपुर, कानपुर, बरेली, मेरठ और इलाहाबाद आदि नगरों को हवाई सेवा से आपस में जोड़ने का प्रस्ताव है। खजुराहो जैसे अन्य पर्यटक स्थल भी जोड़े जा सकेंगे।

देश में कहीं भी प्राकृतिक आपदा, मदद कर सकेंगे विधायक
सूबे के विधायक अब देश के किसी भी कोने में गंभीर प्राकृतिक आपदा के दौरान मदद कर पाएंगे। साथ ही उन्हें प्रदेश के भीतर लेकिन अपने निर्वाचन क्षेत्र के बाहर के पुनर्वास उपायों में पहले से अधिक मदद का भी अधिकार दे दिया गया है।

प्रदेश मंत्रिपरिषद ने इसके लिए विधानमंडल क्षेत्र विकास निधि की गाइडलाइन में संशोधन को मंजूरी दे दी है।

बिजली कंपनियों को ऋण के लिए शासकीय गारंटी
घाटे से उबरने के लिए प्रदेश की बिजली कंपनियों द्वारा बैंकों से लिए जाने वाले ऋण एवं उनके पक्ष में जारी किए जाने वाले बांड के लिए राज्य सरकार ने 39392 करोड़ की शासकीय गारंटी देने का निर्णय है।

मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में यह निर्णय किया गया। सरकार के इस निर्णय से पावर कार्पोरेशन के नियंत्रण वाली बिजली कंपनियों को बैंकों और वित्तीय संस्थाओं से ऋण मिलने का रास्ता साफ हो गया है।

इसके तहत 31 मार्च 2012 तक जारी 16,257.87 करोड़ रुपये की शासकीय गारंटी को निरस्त करते हुए वर्ष 2013-14 में कुल 36,459.06 करोड़ तथा वर्ष 2014-15 में 2933 करोड़ रुपये की शासकीय गारंटी पावर कार्पोरेशन द्वारा जारी किए जाने वाले बांड और बैंकों से प्राप्त किए जाने वाले ऋण के लिए विभिन्न बैंकों व वित्तीय संस्थाओं के पक्ष में जारी की जाएगी।

यानी सरकार की ओर से पावर कार्पोरेशन के पक्ष में 23134 करोड़ रुपये की शासकीय गारंटी और जारी कर दी गई है। शासकीय गारंटी देने के साथ-साथ कैबिनेट ने गारंटी फीस को माफ करने का भी फैसला किया है।

शहीद आरक्षियों के आश्रितों को 15-15 लाख
मंत्रिपरिषद की बैठक में गुरुवार को ड्यूटी के दौरान शहीद होने वाले दो आरक्षियों के परिवार के सदस्यों को दस लाख के बजाए 15-15 लाख रुपये दिए जाने का फैसला किया गया है। इसमें आरक्षी सतीश चंद्र (आगरा) और आरक्षी अनिरुद्ध यादव (बरेली) की असाधारण परिस्थितियों में मौत हो गई थी।

ड्यूटी के दौरान इन दोनों आरक्षियों के द्वारा दिखाए गए साहस और उनके प्राण जाने के बाद उनके परिवारों की कमजोर आर्थिक दशा को देखते हुए मंत्रिपरिषद ने सामान्यता अनुमन्य दस लाख रुपये की राशि को बढ़ाकर 15-15 लाख रुपए करने का फैसला किया।

भाग मिल्खा भाग और टू लिटिल इंडियंस टैक्स फ्री
एथलीट मिल्खा सिंह पर बनी हिंदी फिल्म भाग मिल्खा भाग को दो माह और बाल फिल्म टू लिटिल इंडियंस को तीन माह के लिए उत्तर प्रदेश में टैक्स फ्री कर दिया गया है।

हृदय रोग के लिए बनेगा सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल
हृदय रोग के इलाज के लिए लखनऊ में सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल बनेगा। इसे पीपीपी मॉडल पर बनाए जाने के लिए कैबिनेट ने हरी झंडी दे दी है।

1000 बिस्तर की क्षमता वाले इस अस्पताल में हृदय रोग से जुड़ी हर परेशानी के इलाज की सुविधा होगी। इसी अस्पताल में कैंसर को छोड़कर किसी एक और बीमारी का केंद्र बनाए जाने की योजना भी बनी है।

लोगों को बेहतर इलाज की सुविधा देने के लिए पीपीपी मॉडल पर सुपरस्पेशियलिटी हॉस्पिटल का प्रस्ताव कैबिनेट में रखा गया।

पहले चरण में निवेशकर्ता कंपनी को तीन साल के अंदर 500 बिस्तरों की क्षमता के साथ इस हॉस्पिटल को विकसित करना होगा। परियोजना के दूसरे चरण में 12 साल के अंदर बिस्तरों की क्षमता बढ़ाकर 1000 कर ली जाएगी।
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अस्पताल में 50 प्रतिशत बिस्तर सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं की दरों पर जनता को उपलब्ध होंगे। बाकी 50 प्रतिशत बिस्तर के लिए दर निवेशकर्ता कंपनी तय करेगी।

लखनऊ में सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल के पैकेज रेट उपलब्ध नहीं होने पर दिल्ली की तर्ज पर इसे तैयार किया जाएगा।
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