लखनऊ। दुबग्गा के अंधे की चौकी स्थित न्यू वेदांता अस्पताल में बृहस्पतिवार को इलाज के दौरान 23 वर्षीय महिला की मौत हो गई। मौत से नाराज परिजनों ने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए अस्पताल के बाहर हंगामा किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को समझाकर शांत कराया। अस्पताल में जमा सात हजार रुपये भी पुलिस ने परिजनों को वापस करा दिए। इसके बाद वे शव लेकर चले गए।
अतरौली के भटपुर निवासी प्रीति गौतम को कई दिनों से बुखार था। उनकी मां माधुरी के मुताबिक, बुधवार को तबीयत बिगड़ने पर प्रीति को अतरौली के न्यू बालाजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वहां एक रात इलाज के बाद हालत बिगड़ने पर डॉक्टरों ने बृहस्पतिवार तड़के करीब पांच बजे उसे न्यू वेदांता अस्पताल रेफर कर दिया।
परिजनों का आरोप है कि न्यू वेदांता अस्पताल में भर्ती करने के बाद प्रीति को ग्लूकोज चढ़ाया गया। कुछ देर बाद ही उसकी मौत हो गई। जानकारी मिलते ही परिजनों ने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाकर हंगामा शुरू कर दिया।
अस्पताल के निदेशक डॉ. धीरेंद्र यादव ने आरोपों को बेबुनियाद बताया। उन्होंने कहा कि महिला के पेट और आंत से रक्तस्राव हुआ था, जिससे शरीर के अंदर काफी खून जमा हो गया था। इसी वजह से उसकी मौत हुई।
इंस्पेक्टर श्रीकांत राय ने बताया कि परिजनों की शिकायत मिलने पर मामले की जांच की जाएगी। जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।