ट्रांसपोर्टनगर आरटीओ का मामला
माई सिटी रिपोर्टर
लखनऊ। परिवहन विभाग की सेवाएं लगातार डिजिटल हो रही हैं। इसी क्रम में अब भुगतान के लिए कैश का झंझट खत्म कर दिया गया है। टैक्स, जुर्माना या अन्य भुगतान यूपीआई के जरिए किया जा सकेगा। बृहस्पतिवार को क्यूआर कोड जारी किया गया।
एआरटीओ प्रशासन प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि वाहन स्वामियों के लिए डिजिटल पेमेंट की सुविधा शुरू कर दी गई है। अब वाहन का टैक्स या फिर जुर्माना भरने के लिए लोगों को अपने साथ कैश लाने की आवश्यकता नहीं रहेगी। छुट्टे को लेकर होने वाला संकट भी नहीं रहेगा। यूपीआई व्यवस्था शुरू कर दी गई है। बृहस्पतिवार को कई वाहन स्वामियों ने इससे पेमेंट किया। इसके अलावा अब चेकिंग अभियान के दौरान प्रवर्तन टीमों के हाथ भी पीओएस मशीन रहेंगी, जिससे वाहन स्वामी मौके पर ही चालान का भुगतान क्रेडिट या डेबिट कार्ड से कर सकेंगे। भविष्य में चालान का भुगतान करने के लिए यूपीआई का भी विकल्प जोड़ा जाएगा। दरअसल, ट्रांसपोर्टनगर स्थित आरटीओ में सेवानिवृत्त विंग कमांडर शुक्ल ने सबसे पहले इस सुविधा का लाभ उठाया। उन्होंने खुशी जाहिर की। इस बाबत आरटीओ प्रशासन संजय तिवारी ने बताया कि आवेदकों की सुविधा के लिए क्रेडिट/डेबिट कार्ड के अलावा यूपीआई से पेमेंट जमा करने की सुविधा शुरू की गई है। आरटीओ (प्रवर्तन) प्रभात पांडेय का कहना है कि प्रवर्तन टीमों के पास भी पीओएस मशीनें होंगी। चेकिंग के दौरान किसी वाहन स्वामी का चालान होता है तो मौके पर ही वे कार्ड से भुगतान कर सकेंगे। इससे उनके समय की भी बचत होगी और भुगतान भी वहीं पर हो जाएगा। पीओएस मशीनों में जल्द ही यूपीआई की सुविधा दी जाएगी। एसबीआई के प्रतिनिधि अनुपम मिश्र का कहना है कि पिछले दो साल से इसे लेकर बैंक की ओर से काम चल रहा था, जोकि पूरा कर शुरू कर दिया गया है। कार्यक्रम में एआरटीओ प्रवर्तन राजीव बंसल, पीटीओ एसपी देव, अनीता वर्मा और आभा त्रिपाठी मौजूद रहे।