कलाकारों में कोई भेद नहीं हो रहा
पर्यटन मंत्री ने एक राजनीतिक दल द्वारा कलाकारों के चयन व संख्या में भेदभाव पर कहा कि 2017 से पहले संस्कृति विभाग में लगभग 1000 कलाकारों को मंच मिलता था। वर्तमान में पोर्टल पर 9200 कलाकार दल रजिस्टर हैं। एक दल में न्यूनतम छह यानी लगभग 55 हजार कलाकारों को प्रस्तुति का अवसर मिल रहा है।
इन्हें मिलेगा सम्मान
वाराणसी के कृष्णकांत शुक्ल (भौतिक विज्ञान, संगीतकार, कवि), वृंदावन मथुरा के (उद्यमी-पर्यावरणविद) हिमांशु गुप्ता, कानपुर के मनीष वर्मा (कृषि-दलित उद्यमी), बुलंदशहर की कृष्णा यादव (महिला उद्यमी), बुलंदशहर के ही कर्नल सुभाष देशवाल (कृषि-उद्यम) व बहराइच के डॉ. जय सिंह (केला उत्पादन) को उत्तर प्रदेश गौरव सम्मान दिया जाएगा।
पर्यटन दिवस पर विभिन्न आयोजन
पर्यटन व संस्कृति विभाग के प्रमुख सचिव मुकेश मेश्राम ने बताया कि राष्ट्रीय पर्यटन दिवस पर 25 जनवरी को विभाग की तरफ से युवा पर्यटन क्लब के सदस्यों द्वारा पेंटिंग, रील, पर्यटन प्रदर्शनी लगाई जाएगी। आध्यात्मिक व सांस्कृतिक पर्यटन पर आधारित लघु फिल्म प्रस्तुत की जाएगी। 26 को संस्कृति, कला जगत से जुड़ी हस्तियों को राजभवन में सम्मानित किया जाएगा। पर्यटन के क्षेत्र में अच्छा काम करने वाले उद्यमियों व स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को भी सम्मानित किया जाएगा।