अप्रैल 2022 से दिसंबर 2025 के दौरान अकेले जमा में 6.47 लाख करोड़ रुपये, ऋण में 5.03 लाख करोड़ रुपये और कुल बैंकिंग व्यवसाय में 11.50 लाख करोड़ रुपये की वृद्धि दर्ज की गई है। एमएसएमई क्षेत्र में 23 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्ज की गई।
20 फरवरी और 16 मार्च को दो मेगा ऋण वितरण कार्यक्रम प्रस्तावित हैं, जिनमें 2.20 लाख करोड़ रुपये से अधिक के ऋण वितरण का लक्ष्य है। बैठक में साझा किया गया कि पिछले दस वर्षों में 3.89 लाख से अधिक बैंकिंग आउटलेट स्थापित किए गए हैं।
बैंक ऑफ बड़ौदा के कार्यकारी निदेशक लाल सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार की क्रेडिट गारंटी योजना ने बैंकों के लिए जोखिम कम किया है, जिससे ऋण वितरण की गति और बैंकिंग गतिविधियाँ दोनों बढ़ी हैं। भारतीय रिजर्व बैंक, लखनऊ के क्षेत्रीय निदेशक पंकज कुमार ने कहा कि उत्तर प्रदेश का लगातार राजस्व अधिशेष में बने रहना बैंकिंग क्षेत्र के लिए सकारात्मक संकेत है। नाबार्ड के मुख्य महाप्रबंधक पंकज कुमार ने किसान क्रेडिट कार्ड वितरण को लेकर और तेजी की अपेक्षा जताई।