सुप्रीम कोर्ट ने कक्षा एक से आठ तक के सभी शिक्षकों के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) को अनिवार्य कर दिया है। इसके बाद अलग-अलग संगठनों ने दिल्ली कूच का एलान कर दिया है। वहीं इसके लिए जिले-जिले संपर्क भी चल रहा है। दूसरी तरफ हाल ही में सीबीएसई ने फरवरी में सीटेट कराने की तिथि भी तय कर दी है। ऐसे में प्रदेश के परिषदीय शिक्षक आंदोलन के साथ ही पढ़ाई में भी लग गए हैं।
जूनियर हाईस्कूल सोंगरा, गौरीगंज अमेठी की शिक्षिका अर्चना मिश्रा ने बताया कि टेट-सीटेट की तैयारी करने वाले शिक्षकों के लिए एक व्हाट्सएप ग्रुप बनाया गया है। इसमें तैयारी से संबंधित जानकारियां व अन्य सूचनाएं साझा की जा रही हैं। इसमें सहयोगी शिक्षकों द्वारा पुराने पेपर भी दिए जा रहे हैं। हम इसे हल करके तैयारी कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि स्कूल से जाने के बाद पांच से छह, रात में नौ से दस और सुबह भी एक-एक घंटे की तैयारी समय निकालकर कर रही हैं।
प्राइमरी स्कूल कल्लू पुरवा, निंदूरा बाराबंकी की हेड मास्टर लक्ष्मी मिश्रा कहती हैं कि ज्यादा उम्र वाले शिक्षकों (50 साल) के लिए टेट की तैयारी करना काफी दिक्कत भरा हो रहा है। वे हेड मास्टर हैं, उनके पास अतिरिक्त काम है। बड़ी मुश्किल से पढ़ाई के लिए समय बचता है। बेटी इंटर कर रही है, उसको भी समय देना पड़ता है। 95 में ग्रेजुएशन किया था, अब 30 साल बाद फिर पढ़ाई करना आसान नहीं है। काफी चीजें भूल गए हैं, ऐसे में चीजें दोबारा याद करना भी मुश्किल भरा है।
उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के निर्भय सिंह ने कहा कि शिक्षकों को सीटेट व यूपीटेट में से कोई भी एक पास होना चाहिए। यही वजह है कि हम शिक्षकों से अपील कर रहे हैं कि वे आंदोलन के साथ-साथ अपनी पढ़ाई भी जारी रखें। कक्षा एक से पांच के लिए प्राथमिक टेट, छह से आठ के लिए जूनियर टेट और पदोन्नति पाकर जूनियर में जाने के लिए भी जूनियर टेट करना होगा।
टीईटी अनिवार्यता के विरोध में नौ राज्यों के संगठन टीचर फेडरेशन ऑफ इंडिया (टीएफआई) की ओर से 21 नवंबर को जंतर मंतर पर रैली की तैयारी तेज कर दी गई है। संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. दिनेश चंद्र शर्मा प्रदर्शन की सफलता व ज्यादा से ज्यादा शिक्षकों के दिल्ली पहुंचने के लिए जिले-जिले जाकर संपर्क कर रहे हैं। इसी क्रम में दो नवंबर को लखनऊ में सभी जिलाध्यक्ष व महामंत्री की बैठक कर निर्देश दिए जाएंगे। टीएफआई 27 जुलाई 2011 के पहले शिक्षकों को टीईटी से मुक्त रखने की मांग कर रहा है