अंडे की दुकान लगाए जाने को लेकर हुई बहस
अरविंद कुमार के मुताबिक, बुधवार रात करीब 8:30 बजे वह गांव में ही साहिल की दुकान पर गया था। शनिदेव मंदिर और हनुमान मंदिर के पास अंडे की दुकान लगाए जाने को लेकर साहिल से उसकी कहासुनी हो गई। आरोप है कि साहिल ने अपने पिता सारजन और भाई राहुल को बुला लिया। तीनों ने अरविंद से धक्का-मुक्की की और जान से मारने की धमकी दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों पक्षों को शांत कराया और अगले दिन थाने बुलाया।
अरविंद का आरोप है कि उसी रात करीब 11 बजे दरोगा सचिन यादव कुछ पुलिसकर्मियों के साथ उसके घर पहुंचे और भाई नरेंद्र पुलिसकर्मियों को लाठी-डंडों से पीटना शुरू कर दिया। पत्नी नीतू बचाने पहुंचीं तो दरोगा ने उनके पेट में लात मार दी।
इसके बाद पुलिसकर्मी नरेंद्र को पीटते हुए हाईवे की ओर ले गए। नरेंद्र वहां से भागकर ओम प्रकाश के घर में छिप गया। आरोप है कि दरोगा और दो पुलिसकर्मी ओम प्रकाश के घर में घुस आए और नरेंद्र से मारपीट की। भाई को बचाने पहुंचे अरविंद पर दरोगा ने पिस्टल तान दी और जान से मारने की धमकी दी। विरोध करने पर पिस्टल की बट से उसके सिर पर वार कर दिया। इससे उसका सिर फट गया।
प्रदर्शन से दो किलोमीटर तक लगा जाम
नाराज ग्रामीणों ने बनी-मोहनलालगंज रोड जाम कर हंगामा शुरू कर दिया। इससे सड़क के दोनों ओर करीब दो-दो किलोमीटर तक वाहनों की कतार लग गई। ग्रामीणों ने पुलिस पर लाठी भांजने का भी आरोप लगाया। मौके पर पहुंचे एसीपी कृष्णानगर अभिषेक कुमार पांडेय ने ग्रामीणों को कार्रवाई का आश्वासन देकर जाम खुलवाया। एसीपी ने बताया कि अरविंद की तहरीर पर साहिल, उसके पिता सारजन और भाई राहुल के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। दरोगा सचिन यादव को फिलहाल निलंबित कर दिया गया है। पुलिस पर लगाए गए आरोपों की जांच की जा रही है।