विधानसभा और विधान परिषद सदस्यों और मंत्रियों के वेतन और भत्ते बढ़ा दिए गए हैं। इस बढोतरी के बाद विधायकों को सीधे तौर पर हर माह 67750 रुपये और मंत्रियों को 77750 रुपये का फायदा होगा। इसके अलावा कुछ अन्य भत्ते भी रहेंगे। मानसून सत्र के अंतिम दिन बृहस्पतिवार को संसदीय कार्यमंत्री सुरेश खन्ना ने उत्तर प्रदेश राज्य विधान मंडल सदस्य एवं मंत्री सुख- सुविधा विधि (संशोधन) विधेयक 2025 पेश किय, जिसे सर्व सम्मति से पास कर दिया गया।
विधेयक रखते हुए संसदीय कार्य मंत्री ने बताया कि करीब नौ साल पहले अगस्त 2016 में वेतन एवं भत्ते बढ़े थे। सभी दलों की मांग पर कमेटी बनाई गई। कमेटी की संस्तुति के आधार पर बढोतरी की गई है। यह बढोतरी एक अप्रैल 2025 से प्रारंभ होकर प्रत्येक पांच वर्ष के बाद आयकर अधिनियम 1961 (अधिनियम संख्या 43 सन 1961) की धारा 48 के तहत उपबंधित लागत मुद्रा स्फीति सूचक के आधार पर वृद्धि की जाएगी। इसके तहत मंत्रियों के वेतन 40 के स्थान पर 50 हजार कर दिया गया है, जबकि विधायकों का 25 की जगह 35 हजार रुपये प्रति माह किया गया है।