बीएसए ने बताया कि प्रधानाध्यापक ने अपने विद्यालय की एक सहायक अध्यापिका को लापरवाही बरतने का नोटिस दिया था। इस नोटिस को उसने राजनीतिक ग्रुपों में शेयर कर दिया। इस पर शिक्षिका ने शिकायत की थी। इस शिकायत का जवाब देने के लिए कार्यालय बुलाया था। इस दौरान यह घटना हुई।
शिक्षक को डांटा था
बीएसए अखिलेश प्रताप सिंह ने बताया कि प्रधानाध्यापक को नोटिस का जवाब देने के लिए बुलाया था। दोबारा ऐसा कृत्य न करने की चेतावनी दी थी। इसी दौरान शिक्षक ने मारपीट की।