जल जीवन मिशन के तहत सर्वाधिक नल कनेक्शन देने वाले उत्तर प्रदेश के गांवों में अब 24 घंटे पानी आपूर्ति की तैयारी भी शुरू हो गई है। पहले चरण में लखनऊ के कई गांवों में ट्रायल रन शुरू किया गया है। जैसे-जैसे यह योजना सफल होती जाएगी, वैसे-वैसे दूसरे चरण में नल से जल के जरिये इसे अन्य जनपदों के गांवों में भी शुरू किया जाएगा। जल जीवन मिशन के तहत उत्तर प्रदेश ऐसा करने वाला पहला राज्य होगा। फिलहाल विंध्य-बुंदेलखंड में फिलहाल सुबह-शाम ही आपूर्ति चलती रहेगी।
चौबीस घंटे जलापूर्ति के पहले चरण में लखनऊ के नजदीक मोहनलालगंज तहसील के उदयपुर, भावाखेड़ा, कुबहरा, कुढ़ा, दहियर गांव, मॉल ब्लॉक के शंकरपुर, पाराभदराही गांव, मलिहाबाद तहसील के खड़ता, शेरपुर भौसा गांव और सरोजिनी नगर तहसील के गोदौली गांव में इसे ट्रायल रन के तौर पर शुरू किया गया है।
जहां सोलर पैनल के जरिए पानी आपूर्ति की जा रही है, फिलहाल ट्रायल रन पहले वहीं शुरू किया गया है। ट्रायल रन में नजर रखी जा रही है कि गांवों में एक भी नल खराब टोटी का न हो (यानी खराब-टूटी टोटी न हो, जिससे पानी बहता रहे)। कहीं भी पाइप लाइन या नल से लीकेज न हो। इसमें प्रधान, जल समिति के सदस्य आदि की प्रमुख भूमिका है। वर्तमान में कई ग्रामीण इलाकों में सुबह-शाम दो-दो घंटे की पानी की आपूर्ति होती है। इससे लोगों को पानी स्टोरेज करना पड़ता था। शाम तक पानी फिर आने पर स्टोरेज पानी लोग बहा देते थे, जिससे बर्बादी होती थी।
मिलेगा 24 घंटे पानी
जल जीवन मिशन के प्रदेश के 80 फीसदी से अधिक गांवों को योजना से जोड़ा जा चुका है। विंध्य-बुंदेलखंड में लगभग सभी गांवों में जलापूर्ति की जा रही है। अब ग्रामीण इलाकों में 24 घंटे पानी की सुविधा देने की तरफ बढ़ रहे हैं। सोलर युक्त सभी स्कीमों से ग्रामीणों को 24 घण्टे पानी देने मिलेगा। इनके ट्रायल रन लखनऊ से शुरु किए गए हैं।-अनुराग श्रीवास्तव, प्रमुख सचिव, नमामि गंगे व ग्रामीण जलापूर्ति