शहरों की सरकार बनाने के लिए राजनीतिक दलों ने महिला उम्मीदवारों पर खूब भरोसा जताया है। महापौर पद के लिए इस बार कुल छह सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित की गई हैं। सपा और बसपा ने आरक्षण से ज्यादा महिलाओं को टिकट दिए हैं। हालांकि भाजपा ने केवल आरक्षित सीटों पर ही महिलाओं को उतारा है।
नगर निकाय चुनाव को लेकर दोनों चरणों के नामांकन हो चुके हैं। सभी मुख्य दलों ने अपने अपने पत्ते खोल दिए हैं। इस बार खास नगर प्रदेश के 17 नगर निगमों में महापौर पद के लिए 6 सीटें आरक्षित की गई थीं। इनमें लखनऊ, कानपुर तथा गाजियाबाद को सामान्य वर्ग की महिला के लिए आरक्षित किया गया है। नए बने नगर निगम शाहजहांपुर तथा फिरोजाबाद में ओबीसी महिला के लिए सीट रिजर्व की गई है। आगरा को एससी वर्ग की महिला के लिए आरक्षित किया गया है। इन सभी सीटों पर तो सभी दलों को महिला उम्मीदवार उतारनी ही थीं पर सपा ने इसके अलावा भी दो सीटों पर महिला प्रत्याशियों को टिकट दिया है।
गोरखपुर में काजल निषाद तथा मेरठ से सीमा प्रधान को सपा ने चुनावी मैदान में उतारा। दोनों ही ओबीसी उम्मीदवार हैं। माना जा रहा है कि सपा ने यहां ओबीसी के अलावा महिला कार्ड इसलिए भी खेला क्योंकि दोनों ही जनता के बीच सक्रिय राजनीतिक भूमिका निभाती रही हैं। टीवी अभिनेत्री काजल निषाद साल 2012 में गोरखपुर ग्रामीण विधानसभा सीट से कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ चुकी हैं। दूसरी तरफ सीमा प्रधान मेरठ में ही जिला पंचायत अध्यक्ष रह चुकी हैं।
इसके अलावा बसपा ने भी सात महिला उम्मीदवारों को टिकट दिया है। रिजर्व के अलावा बसपा ने सहारनपुर से खादिजा मसूद को टिकट दिया है। वह पूर्व विधायक इमरान मसूद की भाभी हैं। हालांकि भाजपा ने उन छह सीटों पर ही महिला उम्मीदवारों को टिकट दिए हैं जो महिलाओं के लिए आरक्षित की गई हैं। दूसरी तरफ भाजपा ने नगर पालिकाओं में अध्यक्ष पद के लिए 45 प्रतिशत से ज्यादा महिलाओं को टिकट दिया है। भाजपा ने 199 में से 193 सीटों पर नगर पलिका अध्यक्ष उम्मीदवार उतारें हैं जिनमें 88 महिलाएं हैं।
इस बार दो करोड़ से ज्यादा महिला मतदाता
वर्ष 2017 में प्रदेश के शहरी निकायों में मतदाताओं की संख्या 33595529 थी। इस वर्ष मतदाताओं की संख्या बढ़कर 43231827 हो गई है। इनमें पुरुष मतदाता 22983728 तथा महिला मतदाताओं की संख्या 20248099 है। सबसे ज्यादा मतदाता लखनऊ जिले में हैं। यहां अब कुल 3115891 मतदाता हैं। महिलाओं की संख्या दो करोड़ पार होने से यह साफ है कि महिलाओं की अहम भूमिका इस चुनाव में होने जा रही है।
भाजपा की पांच तथा बसपा की एक महिला उम्मीदवार जीती थीं
वर्ष 2017 के चुनाव में महापौर पद पर सात महिला उम्मीदवार जीती थीं। मेरठ से बसपा प्रत्याशी सुनीता वर्मा ने भाजपा से सीट छीन ली थी।। इसके अलावा बाकी पांच जीतने वाली सभी महिला महापौर भाजपा से थीं। भाजपा की महिला प्रत्याशियों ने कानपुर, वाराणसी, इलाहाबाद, लखनऊ, फिरोजाबाद तथा गाजियाबाद सीट जीती थी।