वर्ष 2019 के चुनाव में कांग्रेस ने उत्तर प्रदेश में एकमात्र रायबरेली सीट जीती, जहां से सोनिया गांधी सांसद हैं। इसके अलावा अमेठी में राहुल गांधी, फतेहपुर सीकरी में राज बब्बर और कानपुर में श्रीप्रकाश जायसवाल दूसरे स्थान पर रहे थे।
अगले वर्ष होने वाले लोकसभा चुनाव में कांग्रेस यूपी में 19 सीटों पर अधिक फोकस करेगी। यह वो सीटें हैं, जहां वर्ष 2014 व 2019 में कांग्रेस पहले या दूसरे स्थान पर रही थी या फिर तीसरे स्थान पर उसे एक लाख से ज्यादा वोट मिले हैं।
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वर्ष 2019 के चुनाव में कांग्रेस ने उत्तर प्रदेश में एकमात्र रायबरेली सीट जीती, जहां से सोनिया गांधी सांसद हैं। इसके अलावा अमेठी में राहुल गांधी, फतेहपुर सीकरी में राज बब्बर और कानपुर में श्रीप्रकाश जायसवाल दूसरे स्थान पर रहे थे। इस चुनाव में धौरहरा, अकबरपुर, बाराबंकी सुरक्षित, गाजियाबाद, हमीरपुर, कुशीनगर, लखनऊ, सहारनपुर, संतकबीरनगर, उन्नाव और वाराणसी में कांग्रेस तीसरे स्थान पर रही थी, पर उसे इन सभी सीटों पर मत एक लाख से ज्यादा मिले थे। इनमें सहारनपुर में 2.07 लाख, बाराबंकी में 1.59 लाख, लखनऊ में 1.80 लाख, उन्नाव में 1.85 लाख, वाराणसी में 1.52 लाख मत मिले थे।
वर्ष 2014 के चुनाव में रामपुर, खीरी, प्रतापगढ़ और मिर्जापुर में भी तीसरे स्थान पर रहने के बावजूद कांग्रेस ने एक लाख से ज्यादा वोट पाए थे। प्रतापगढ़ में 1.38 लाख और शेष तीन सीटों पर डेढ़ लाख से ज्यादा मत मिले थे। पार्टी ने इन्हीं 19 सीटों पर अभी से फोकस करने की योजना बनाई है, ताकि बूथ स्तर तक तैयारी करके बेहतर परिणाम हासिल किए जा सकें। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष बृज लाल खाबरी का कहना है कि लोकसभा चुनाव में अपेक्षित परिणाम पाने के लिए पार्टी बहुत ही सुनियोजित तरीके से कार्य कर रही है।