- केजीएमयू की प्लास्टिक सर्जरी विभाग की एमसीएच डिग्री धारक से डीएनबी कोर्स वाला अधिक योग्य कैसे हुआ?
- सुपर स्पेशियलिटी के लिए एमसीएच डिग्रीधारी मिल रहे हैं तो फिर प्राइवेट कॉलेज के डीएनबी डिग्रीधारक को तवज्जो क्यों?
- एम्स ऋषिकेश में शिक्षक के पद पर पहले से कार्यरत को अयोग्य ठहराकर नेपाली व प्राइवेट कॉलेज के डिग्रीधारक को अधिक योग्य कैसे ठहराया जा सकता है?
- केजीएमयू के रेस्पेरेटरी के सीनियर रेजीडेंट कैसे अयोग्य हो सकता है, जबकि दूसरे जगह वाले को योग्य ठहरा दिया गया।
केजीएमयू के मीडिया प्रभारी डॉ. सुधीर सिंह का कहना है कि केजीएमयू में नेशनल मेडिकल कमीशन की योग्यता के हिसाब से नियुक्ति की जा रही है। इसके लिए स्क्रीनिंग कमेटी गठित है। यह कमेटी शैक्षिक दस्तावेजों की जांच करती है। इसके बाद चयन समिति बैठती है और वह साक्षात्कार लेती है। फिर योग्य उम्मीदवार का चयन होता है। शिक्षक भर्ती में किसी तरह की गड़बड़ी नहीं हुई है।