प्रदेश में नवंबर में पहली बार 16 लाख छात्रों को शुल्क की भरपाई के साथ वजीफा दिया जाएगा। इसके लिए शनिवार को अवकाश के दिन भी समाज कल्याण निदेशालय में ट्रेजरी बिल तैयार किए गए। कोरोना विपदा को देखते हुए सरकार ने पहले भुगतान करके विद्यार्थियों और उनके परिवारों राहत देने का प्रयास किया है। इन सभी विद्यार्थियों को मंगलवार तक भुगतान हो जाएगा।
छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति के लिए वित्त वर्ष 2021-22 में अभी तक कुल 69.82 लाख विद्यार्थी आवेदन कर चुके हैं। इनमें सभी वर्गों, कक्षाओं और पाठ्यक्रमों के विद्यार्थी शामिल हैं। इनमें से 48 लाख विद्यार्थियों का डाटा संस्थान स्तर से अग्रसारित हो चुका है। समाज कल्याण निदेशालय के अधिकारियों के मुताबिक, एनआईसी से डाटा ‘ओके’ होने के बाद 13 लाख विद्यार्थियों को भुगतान के लिए ट्रेजरी बिल तैयार हो चुका है। तीन लाख और छात्रों का डाटा सोमवार तक अंतिम रूप से स्वीकृत हो जाएगा।
इस तरह से करीब 16 लाख विद्यार्थियों को 30 नवंबर तक भुगतान कर दिया जाएगा। प्रथम चरण के इस भुगतान में उन विद्यार्थियों को शामिल किया गया है, जिनका डाटा संस्थानों के स्तर से 28 अक्तूबर तक अग्रसारित कर दिया गया था। दूसरे चरण में उन विद्यार्थियों को भुगतान किया जाएगा, जिनका डाटा 3 दिसंबर तक संस्थानों से अग्रसारित होगा। सरकार की विशेष घोषणा केतहत दो अक्तूबर को गांधी जयंती के अवसर पर 1.56 लाख छात्रों को इस योजना के तहत भुगतान किया गया था। हर साल गांधी जयंती के बाद जनवरी से मार्च केबीच ही भुगतान होता रहा है। इस बार सीएम योगी आदित्यनाथ ने कोरोना संकट से पैदा हुई परिस्थितियों केचलते नवंबर में भुगतान के निर्देश दिए थे।