PAN numbers of teachers: महानिदेशक स्कूल शिक्षा कंचन वर्मा ने इस संबंध में कहा है कि 15 फरवरी तक इसके लिए अनुरोध पत्र उपलब्ध कराएं। सभी बीईओ अपने विकास खंड को इस बारे में अवगत करा दें।
प्रदेश में तमाम कवायद के बाद भी मानव संपदा पोर्टल पर परिषदीय विद्यालयों के शिक्षक-कर्मचारियों के पैन नंबर की कमियां ठीक नहीं हो पा रही हैं। इस पर नाराजगी जताते हुए निदेशालय ने इसके लिए 15 फरवरी की डेडलाइन तय की है। इसके बाद कमियां मिलने पर संबंधित अधिकारी का दायित्व तय किया जाएगा।
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पूर्व में कई बार इसे लेकर अभियान चलाया गया, लेकिन अभी भी जिलों से मानव संपदा पोर्टल पर पैन नंबर बदलने के आवेदन मिल रहे हैं। महानिदेशक स्कूल शिक्षा कंचन वर्मा ने इस पर नाराजगी जताते हुए सभी बीएसए व वित्त एवं लेखाधिकारी को पत्र भेजा है। उन्होंने कहा कि यह स्थिति बेहतर नहीं है। जिलों में अभियान चलाकर शिक्षक-कर्मचारियों के पैन नंबर ठीक कराए जाएं।
उन्होंने कहा है कि 15 फरवरी तक इसके लिए अनुरोध पत्र उपलब्ध कराएं। सभी बीईओ अपने विकास खंड को इस बारे में अवगत करा दें। संशोधन के प्रस्ताव 10 फरवरी तक मिलने चाहिए। इसके बाद बीएसए इसे 15 तक राज्य परियोजना कार्यालय को उपलब्ध कराएंगे। इसके बाद भी अगर पैन विवरण में कोई कमी मिलती है तो बीएसए इसके लिए उत्तरदायी होंगे।
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वहीं उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के निर्भय सिंह ने कहा कि छोटी-छोटी चीजों के लिए शिक्षकों का वेतन रोक दिया जाता है। बार-बार के निर्देश के बाद भी इसमें सुधार न करने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों पर भी कार्यवाही की जानी चाहिए। क्योंकि आज तक शिक्षक-कर्मचारियों की सर्विस बुक ऑनलाइन अभी तक पूरी सही नहीं है।