प्रदेश के परिषदीय व मान्यता प्राप्त विद्यालयों में नए शैक्षिक सत्र 2025-26 में पहली सत्रीय परीक्षा 18 से 23 अगस्त के बीच कराई जाएगी। बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से परीक्षा को लेकर सभी बीएसए को विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
बेसिक शिक्षा निदेशक प्रताप सिंह बघेल की ओर से जारी निर्देश में कहा गया है कि निर्धारित पाठ्यक्रम के आधार पर कक्षावार मासिक पाठ्यक्रम के अनुसार जुलाई तक पूरे कराए गए पाठ्यक्रम से संबंधित सवालों के आधार पेपर तैयार कराया जाएगा। मूल्यांकन कक्षा शिक्षक व विषय अध्यापक करेंगे। परीक्षा व मूल्यांकन के अभिलेख विद्यालय में सुरक्षित रखे जाएंगे।
उन्होंने कहा है कि परीक्षा पर होने वाला आवश्यक खर्च विद्यालय की कंपोजिट ग्रांट से किया जाएगा। विद्यालय स्तर पर परीक्षा का पूरा उत्तरदायित्व प्रधानाध्यापक व शिक्षक और विकास खंड स्तर पर खंड शिक्षा अधिकारी का होगा। परीक्षा के बाद एक तिथि निर्धारित कर अभिभावकों को विद्यालय में बुलाकर बच्चों की प्रगति साझा की जाए ताकि इसमें अपेक्षित सुधार किया जा सके।
बेसिक शिक्षा निदेशक ने कहा है कि सत्रीय परीक्षा के आधार पर अपेक्षित अधिगम स्तर प्राप्त न करने वाले छात्र-छात्राओं का अधिगम स्तर सुधारने के लिए उन पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। कक्षा में ऐसे छात्र-छात्राओं को चिह्नित करते हुए विषय वस्तु की तैयारी, पुनरावृत्ति आदि समय से कराई जाए। उन्होंने कहा है कि परीक्षा का आयोजन पूरी शुचिता व पारदर्शिता के साथ किया जाए। ताकि बच्चों में मिलने वाली कमियों को दूर कराया जा सके।