मुख्यमंत्री ने पाकिस्तान, बांग्लादेश एवं नेपाल से लगी अंतरराष्ट्रीय सीमाओं से उत्पन्न हो रही आतंकवादी गतिविधियों के नए आयामों का गहन विश्लेषण करते हुए सीमा निगरानी (सर्विलांस) को और अधिक सुदृढ़ करने पर बल दिया। उन्होंने ‘अंतरराष्ट्रीय अनुदानित धर्मान्तरण रैकेट’ की रोकथाम के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, वित्तीय ट्रेल, तकनीकी विश्लेषण एवं आधुनिक संसाधनों के प्रभावी उपयोग को और मजबूत करने के निर्देश दिए।
नशीले पदार्थों की तस्करी एवं संगठित अपराध पर निरंतर करें सख़्त कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने प्रदेश में आतंकवाद, नशीले पदार्थों की तस्करी एवं संगठित अपराध के विरुद्ध पुलिस द्वारा की गई अब तक की कड़ी कार्रवाई की सराहना की। उन्हाेंने कहा कि इसे और अधिक प्रभावी व निर्णायक बनाने की आवश्यकता है। इसके लिए विभागीय समन्वय एवं सुरक्षा एजेंसियों के बीच रियल-टाइम सूचना साझा कर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने तथा अपराधी नेटवर्क का मनोबल तोड़ने के निर्देश दिए।
गो-तस्करी एवं अपराधी नेटवर्क के मास्टरमाइंड पर प्रहार की रणनीति
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि गो-तस्करी के मामलों में केवल त्वरित गिरफ्तारी पर्याप्त नहीं है, बल्कि पूरे नेटवर्क एवं उसके मास्टरमाइंड की पहचान कर उनके विरुद्ध कठोरतम कार्रवाई की जाए। इससे प्रदेश में ऐसे संगठित अपराधों के विरुद्ध कड़ा संदेश जाएगा और गो-तस्करी एवं उससे जुड़े अपराधों पर प्रभावी रोक सुनिश्चित हो सकेगी। मुख्यमंत्री ने प्रदेश में इस तरह के मामलों में पुलिस की कार्रवाई की सराहना की।
पुलिस मंथन कार्यक्रम के दूसरे दिन विभिन्न सत्रों में इन विषयों का किया गया प्रस्तुतिकरण
पुलिस मंथन कार्यक्रम के तहत सत्र 8 में आपदा प्रबंधन, सिविल डिफेंस एवं होम गार्ड्स (Disaster Management, Civil Defence and Home Guards), सत्र 9 में विशाल जनसमूह (भीड़) प्रबंधन (Large Crowd Management), सत्र 10 में खुफिया तंत्र एवं उभरती चुनौतियां जैसे सोशल मीडिया/एनजीओ तथा नेपाल सीमा (Intelligence and Emerging Challenges like Social Media/NGOs and Nepal Border), सत्र 11 में आतंकवाद-रोधी, मादक पदार्थ, गो-तस्करी एवं अन्य संगठित अपराध (Anti-Terror, Narcotics, Cattle-Theft and Other organized Crimes) आदि विषयों पर प्रस्तुतिकरण किया गया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पदक अलंकरण समारोह में पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों को सम्मानित किया।
मुख्यमंत्री उत्कृष्ट सेवा पुलिस पदक से सम्मानित
वर्ष 2022
प्रभाकर चौधरी – डीआईजी- अलीगढ़ परिक्षेत्र
विनय चंद्रा- अपर पुलिस अधीक्षक- अभिसूचना मुख्यालय उत्तर प्रदेश
रविंद्र प्रताप सिंह- निरीक्षक- मुरादाबाद
दिनेश कुमार डांडियाल- निरीक्षक- अधिसूचना विभाग
मनु चौधरी-निरीक्षक यूपीपीसीएल गाजियाबाद
वर्ष 2023
शैलेश कुमार पांडेय-डीआईजी- आगरा परिक्षेत्र
विशाल विक्रम सिंह- अपर पुलिस अधीक्षक- एसटीएफ
विशाल संगारी- निरीक्षक- सीतापुर
मनोज चिकारा- मुख्य आरक्षी- गौतमबुद्धनगर
सुश्री शैलेष कुंतल- महिला आरक्षी
वर्ष 2024
अनुराग आर्य-एसएसपी- बरेली
विमल कुमार सिंह- पुलिस उपाधीक्षक- एसटीएफ
अरुण कुमार- मुख्य आरक्षी- एसटीएफ
वर्ष 2025
कृष्ण कुमार-पुलिस अधीक्षक संभल
प्रेम शुक्ला-पुलिस उपाधीक्षक एसटीएफ
प्रियांशी प्रजापति- महिला आरक्षी कमिश्नरेट आगरा।