सीएम ने कहा कि प्रदेश में माफिया की 15 हजार करोड़ रुपये से अधिक की अवैध संपत्ति जब्त की गई है। कब्जे से मुक्त कराई गई जमीन पर गरीबों के लिए आवास बनाए जा रहे हैं। प्रयागराज में ऐसी ही जमीन पर 602 आवासों के निर्माण के लिए भूमि पूजन किया गया है। उन्होंने कहा कि एसटीएफ ने पेपर लीक माफिया, जहरीली शराब के कारोबारियों और कुख्यात अपराधियों पर कार्रवाई की है। एटीएस ने देवबंद से सीमावर्ती जिलों तक कमांड सेंटर स्थापित किए हैं।
माफिया के लिए आंसू, शहीदों के परिवारों की चिंता नहीं
मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि एनकाउंटर और जीरो टॉलरेंस नीति पर सवाल उठाने वाले लोग दुर्दांत माफिया और आतंकियों की मौत पर मातम मनाते हैं, उनकी कब्रों पर जाते हैं, लेकिन माफिया की गोलियों से शहीद हुए पुलिसकर्मियों के बच्चों के आंसू पोंछने नहीं पहुंचते। उन्होंने कहा कि व्यापारियों के अपहरण और बहन-बेटियों के अपमान के दौर में भी ऐसे लोगों को संवेदना नहीं होती थी।
डीजीपी राजीव कृष्ण ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी के मार्गदर्शन में अपराध नियंत्रण की दस प्राथमिकताओं पर काम हो रहा है। उत्तर प्रदेश पुलिस आईगॉट कर्मयोगी पोर्टल पर एक करोड़ पाठ्यक्रम पूरे करने वाला देश का पहला विभाग बना है। हर थाने में मिशन शक्ति केंद्र स्थापित है। इस वर्ष छह हजार से अधिक नशा तस्कर गिरफ्तार हुए हैं और 26 कार्टेल ध्वस्त किए गए हैं। डीजीपी ने कहा कि छोटे अपराधों के मामलों में भी जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत कार्रवाई की जा रही है।