2,200 से अधिक चयनित अनुदेशक कार्यभार ग्रहण कर चुके
मुख्यमंत्री ने अनुदेशकों की उपलब्धता को प्रशिक्षण की गुणवत्ता के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए चयन प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि चयनित अनुदेशकों को नियमित नियुक्ति की प्रक्रिया में उनके अनुभव और कार्य के आधार पर वेटेज देने का प्रावधान किया जाए। बैठक में बताया गया कि 2,406 अनुदेशक पदों पर चयन किया गया है और 2,200 से अधिक चयनित अनुदेशक कार्यभार ग्रहण कर चुके हैं।
बैठक में बताया गया कि प्रशिक्षणार्थियों के लिए कार्यस्थल पर हिंदी की आधिकारिक शब्दावली और प्रयोग से संबंधित प्रशिक्षण की व्यवस्था की गई है तथा प्रत्येक प्रशिक्षणार्थी के लिए अंग्रेजी भाषा का प्रशिक्षण अनिवार्य किया गया है। जापान और जर्मनी जैसे देशों में कुशल जनशक्ति की मांग को देखते हुए विदेशी भाषाओं का डिजिटल प्रशिक्षण शुरू करने के लिए कंपनियों के चयन की प्रक्रिया चल रही है।
मुख्यमंत्री ने जीरो पॉवर्टी अभियान से जुड़े परिवारों के बच्चों और युवाओं को कौशल प्रशिक्षण देकर रोजगार एवं स्वरोजगार से जोड़ने पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। बैठक में बताया गया कि ऐसे परिवारों के 14 से 35 वर्ष आयु वर्ग के 9.52 लाख युवाओं का सत्यापन पूरा हो चुका है, जिनमें 1.44 लाख पात्र चिन्हित हुए हैं। इनमें 8,746 युवाओं का प्रशिक्षण के लिए पंजीकरण हो चुका है।