प्रयागराज में आजाद समाज पार्टी के अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद को नजरबंद किए जाने के विरोध में भड़की हिंसा के बाद दलित युवाओं पर दर्ज किए गये मुकदमों पर बहुजन समाज पार्टी की नजरें हैं। बसपा इस मामले में फंसे निर्दोष युवाओं की मदद के साथ आजाद समाज पार्टी की घेराबंदी करने की रणनीति बना रही है।
पार्टी सूत्रों की मानें तो हिंसा के बाद दर्ज मुकदमों में नामजद तमाम युवा बसपा के जोनल कोआर्डिनेटर, जिलाध्यक्ष समेत स्थानीय नेताओं से संपर्क साध रहे हैं। इनमें से तमाम युवा मौके पर मौजूद नहीं होने का दावा कर खुद को निर्दोष बता रहे हैं। पार्टी नेता इसकी पुष्टि करने के बाद पुलिस अधिकारियों से बात कर उन्हें न्याय दिलाने की कवायद में जुटे हैं। वहीं कुछ अधिवक्ताओं को भी इस कवायद में शामिल किया गया है। इस प्रकरण की जानकारी पार्टी हाईकमान तक भी पहुंच चुकी है, जिसके बाद निर्दोषों को राहत दिलाने की रणनीति बनाई जा रही है।